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Nainital News: तीन बार बेटी का फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनवाया, मुकदमा दर्ज
Thu, 23 May 2024 06:07 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, नैनीताल
संवाद न्यूज एजेंसी, नैनीताल
Updated Thu, 23 May 2024 06:07 AM IST
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नैनीताल। मल्लीताल क्षेत्र निवासी एक महिला ने अपनी बेटी का तीन बार अलग-अलग तिथियों में जन्म प्रमाण पत्र बनवा दिया। जब बेटी के स्कूली दस्तावेज में उसका नाम और जन्मतिथि बदला देखा तो पिता भी दंग रह गया। उसकी तहरीर पर पुलिस ने महिला के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है।
मूल रूप से बरेली के बिहारीपुर निवासी हारून रशीद ने एसपी को शिकायती पत्र भेजा है। कहा है कि जुलाई 2011 में उसका विवाह पिलग्रिम लॉज मल्लीताल निवासी उजमा सिद्दीकी के साथ हुआ था। 2012 में पत्नी ने बरेली के एक नर्सिंग होम में पुत्री को जन्म दिया। जिसका नगर निगम बरेली ने जन्म प्रमाण पत्र जारी किया था। 2014 में पत्नी ने एसडीएम कार्यालय से आदेश बनवाकर बेटी का नाम परिवर्तन कर नया जन्म प्रमाण पत्र बना लिया। उस नाम से बेटी का शहर के एक स्कूल में दाखिला भी करवा दिया गया। 2016 में एक बार फिर पुत्री का नाम बदल दिया। इस बार फर्जी प्रमाण पत्र नैनीताल में बनवाया गया। जब अमेरिका से वे लौटे तो उन्हें मामले की जानकारी हुई। कोतवाल हरपाल सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर उजमा सिद्दीकी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
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मूल रूप से बरेली के बिहारीपुर निवासी हारून रशीद ने एसपी को शिकायती पत्र भेजा है। कहा है कि जुलाई 2011 में उसका विवाह पिलग्रिम लॉज मल्लीताल निवासी उजमा सिद्दीकी के साथ हुआ था। 2012 में पत्नी ने बरेली के एक नर्सिंग होम में पुत्री को जन्म दिया। जिसका नगर निगम बरेली ने जन्म प्रमाण पत्र जारी किया था। 2014 में पत्नी ने एसडीएम कार्यालय से आदेश बनवाकर बेटी का नाम परिवर्तन कर नया जन्म प्रमाण पत्र बना लिया। उस नाम से बेटी का शहर के एक स्कूल में दाखिला भी करवा दिया गया। 2016 में एक बार फिर पुत्री का नाम बदल दिया। इस बार फर्जी प्रमाण पत्र नैनीताल में बनवाया गया। जब अमेरिका से वे लौटे तो उन्हें मामले की जानकारी हुई। कोतवाल हरपाल सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर उजमा सिद्दीकी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
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