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जनऔषधि केंद्र में औषधि नहीं
अमर उजाला ब्यूरो हल्द्वानी
Updated Fri, 10 Mar 2017 01:44 AM IST
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- फोटो : demo
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सुशीला तिवारी अस्पताल में चल रहा प्रधानमंत्री जनऔषधि केंद्र शोरूम बनकर रह गया है। केंद्र पर 450 दवाएं होनी चाहिए मगर दवाएं न होने के कारण मरीजों को निराश लौटना पड़ रहा है। मरीज के तीमारदार आज भी बाहर से दवाएं खरीद रहे हैं।
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सुशीला तिवारी अस्पताल में गरीब मरीजों को सुविधाएं देने के लिए जन औषधि केंद्र खोला गया था। केंद्र पर मरीजों के लिए लगभग 450 दवाएं रखी जानी थी। औषधि केंद्र खुलने के बाद से अभी तक 450 दवाएं नहीं पहुंची है।
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चिकित्सा-शिक्षा सचिव/मंडलायुक्त डी सैंथिल पांडियन ने जन औषधि केंद्र का निरीक्षण किया था। साथ ही सभी दवाएं रखने की हिदायत दी थी। इसके बाद भी दवाएं न मिलने की शिकायत बराबर अधिकारियों के पास जाती रही।
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सूत्रों की मानें तो दवाएं न होने के कारण मरीजों और तीमारदारों को बाहर से दवाएं खरीदनी पड़ रही है। जबकि नवाबी रोड पर चल रहे जनऔषधि केंद्र पर पर्याप्त मात्रा में दवाएं हैं। मेडिकल कालेज के प्राचार्य डॉ. सीपी भैसोड़ा ने बताया कि रेड क्रास सोसायटी को इसकी जिम्मेदारी दी गई है।
शिकायत मिलने पर कुछ दिने पहले निरीक्षण कर दवाएं रखने की हिदायत दी थी। इसके बावजूद भी दवाएं नहीं मिल रही हैं। डॉ. भैसोड़ा ने कहा कि अंतिम चेतावनी दी जाएगी और सभी दवाएं रखने को कहा जाएगा। सुधार न होने पर कार्रवाई की जाएगी। क्योंकि करार में भी सभी दवाएं रखने की बात कही गई है।