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किलबरी मोटर मार्ग के पास मिले कंकाल की शिनाख्त
अमर उजाला ब्यूरो, नैनीताल।
Updated Tue, 03 Jan 2017 01:34 AM IST
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कंकाल
- फोटो : concept photo
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24 दिसंबर को नैनीताल-किलबरी मोटर मार्ग पर सत्यनारायण मंदिर के समीप जंगल में मिले नर कंकाल की शिनाख्त हो गई है। कंकाल करीब 8 माह पूर्व मुक्तेश्वर निवासी हल्द्वानी से लापता हुए 21वर्षीय युवक का था।
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सोमवार को मृतक के परिजनों ने नैनीताल पहुंचकर मौके पर मिले कपड़ों व अन्य सामान से कंकाल की शिनाख्त की। पुलिस के मुताबिक मृतक के परिजनों ने पुलिस के द्वारा किए गए अंतिम संस्कार को ही मान्यता दी है।
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कंकाल की शिनाख्त के लिए कोतवाली हल्द्वानी की सूचना पर ग्राम अकसोड़ा (मुक्तेश्वर) से मृतक के पिता पदम राम, भाई सुरेश व गोवर्धन तथा जीजा ललित मोहन सोमवार को मल्ली ताल कोतवाली पहुंचे, वहां उन्होंने कपड़ों व अन्य सामान के आधार पर मृतक की शिनाख्त चंद्रशेखर (21) पुत्र पदम राम निवासी अकसोड़ा के रूप में की।
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मृतक के भाई सुरेश ने बताया कि उसका छोटा भाई चंद्रशेखर और वह हल्द्वानी के राजपुरा में किराए के मकान में रखते थे। बताया कि चंद्रशेखर सिडकुल रुद्रपुर स्थित एक कंपनी में काम करता था, जबकि वह स्वयं हल्द्वानी में बीएड कर रहा है।
सुरेश के मुताबिक 1 मई 2016 को वह अपने गांव से करीब 10 बजे हल्द्वानी पहुंचा तो चंद्रशेखर कमरा बंद कर कहीं जाने की तैयारी कर रहा था। एक मई 2016 को रविवार की छुट्टी होने की वजह से उसने चंद्रशेखर से पूछा कि वह कहां जा रहा है उसने बताया कि उसे फैक्ट्री जाना है, इतना कहकर वह चला गया लेकिन उसके बाद से वह वापस नहीं लौटा।
उन्होंने बताया कि काफी खोजने के बाद जब उसका पता नहीं चला तो 3 मई 2016 को कोतवाली हल्द्वानी में गुमशुदगी दर्ज कराई। सुरेश ने हल्द्वानी पुलिस पर आरोप लगाते हुए कहा कि पुलिस द्वारा उनके भाई की ढूंढ खोज में कोई दिलचस्पी नहीं ली गई जबकि उसके भाई के पास उसका मोबाइल भी था।
मामले की जांच कर रहे उप निरीक्षक कश्मीर सिंह ने बताया कि मृतक के परिजनों से कहा गया है कि वह अपने रीति रिवाज के मुताबिक अगर उसका क्रिया कर्म करना चाहते हैं तो सक्षम अधिकारी के समक्ष प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर कंकाल को क्रब से बहार निकालने की अनुमति हासिल कर सकते हैं।
क्योंकि पुलिस ने बीते 28 दिसंबर को सभी धर्मों के धर्माचार्याें की राय के मुताबिक उनकी मौजूदगी में कंकाल को दफना दिया था।