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जोहार महोत्सव में हुईं पेटिंग, व्यंजन प्रतियोगिताएं
अमर उजाला ब्यूरो, हल्द्वानी।
Updated Mon, 14 Nov 2016 02:03 AM IST
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हल्द्वानी। जोहार महोत्सव के दूसरे दिन कई प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। विजेताओं को पद्म्रश्री लवराज धर्मशक्तू, पावर कारपोरेशन के मुख्य अभियंता पीसी पांडे, एसई शेखर तिवारी ने पुरस्कृत किया।
पेटिंग प्रतियोगिता के नर्सरी वर्ग में जतिन जंगपांगी प्रथम, सिद्धार्थ पंचपाल द्वितीय, शिया पांगती तृतीय रहे। ईशानी धर्मशक्तू को सांत्वना पुरस्कार दिया गया। इसी प्रकार कक्षा वर्ग 2-5 में हिमानी नित्वाल, माही पांगती प्राची सत्याल क्रमश: प्रथम, द्वितीय, तृतीय रहे। आकांक्षा कांडपाल को सांत्वना, 6-8 वर्ग में शिवानी जोशी, रंजना नेगी, प्राची राणा प्रथम, द्वितीय, तृतीय रहे। 9-12 वर्ग में अंजलि मतवाल, लक्ष्मी टोलिया प्रथम, द्वितीय रहे। व्यंजन में नीरू धप्वाल, मेहा पांगती, अंजू बर्फाल, सामान्य ज्ञान जूनियर वर्ग में शिवानी जोशी, सुरति पंचपाल पाखी राणा सीनियर वर्ग में कविता पांगती, अंजलि मतवाल, लक्ष्मी टोलिया को क्रमश: प्रथम, द्वितीय, तृतीय स्थान मिला।
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हल्द्वानी। कुमाऊंनी और फिल्मी गीतों की अंताक्षरी प्रतियोगिता काफी रोचक रही। इसमें पांच ग्रुप बनाएं गए थे। जिसमें दीवाने, मस्ताने, परवाने, अफसाने, तराने ग्रुप थे। इनमें दीवाने ग्रुप को विनर घोषित किया गया। इस ग्रुप को एक लाख रुपए का नकद पुरस्कार दिया गया।
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हल्द्वानी। जोहार महोत्सव में जोहार समाज के पारंपरिक व्यंजनों, बर्तनों की प्रदर्शनी आकर्षण का केंद्र रही। इनमें भुमला (फ्राइड राइस), कुकला (गेहूं के आटे की चाउमीन), मडुवे की रोटी, तिमूर की चटनी, छंग बनाने वाला सेज, छंग (जोहारी समाज के घर-घर में बनने वाली स्थानीय पेय) रखने वाला बर्तन कट्ठी मां (इसमें सालों तक छंग खराब नहीं होती), मट्ठा, दही रखने वाला बर्तन पौर, पानी का घड़ा, जोहारी नमकीन चाय (ज्या) बनाने वाला बर्तन, पानी रखने का घड़ा, खाजा (भूनकर कूटे हुए चावल) आदि की प्रदर्शनी लगाई गई। जोहार सांस्कृतिक एवं वेलफेयर सोसायटी के अध्यक्ष देवेंद्र सिंह धर्मशक्तू ने बताया कि इस परंपरा को हम जीवित रखते हुए नई पीढ़ी को इससे अवगत करा रहे हैं। इसी उद्देश्य से इसकी प्रदर्शनी लगाई गई।