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हाथी ने दंपती पर किया हमला, महिला की मौत
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हल्द्वानी/चोरगलिया। गौलापार के दानीबंगर जंगल में लकड़ी बीनने गए दंपती पर हाथी ने हमला कर दिया। हमले में महिला की मौत हो गई, जबकि पति ने भागकर जान बचाई।
कालीपुर सुंदरपुर रैक्वाल के रहने वाले मदन सिंह और उनकी पत्नी 45 वर्षीय नंदी देवी तराई पूर्वी वन प्रभाग के किशनपुर रेंज के जंगल दानीबंगर में शाम छह बजे जलौनी लकड़ी बीनने गए थे। अचानक वहां हाथियों का झुंड आ गया। एक हाथी ने दंपती पर हमला कर दिया। मदन सिंह ने भागकर जान बचा ली लेकिन नंदी देवी हाथी के हमले से बच नहीं सकी। सूचना मिलने पर ग्रामीण, पुलिस और तराई पूर्वी वन प्रभाग के किशनपुर रेंज की टीम मौके पर पहुंची। एसओ चोरगलिया हरेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि करीब सौ मीटर जंगल में नंदी का क्षत विक्षत शव मिला है।
वहीं, एसडीओ ध्रुव मार्तोलिया का कहना है कि पांच से छह हाथियों का झुंड अचानक वहां आ गया था। उनमें एक बच्चा भी था। इसमें एक हाथी पर हमला कर दिया। पीड़ित परिवार को चार लाख का मुआवजा दिया जाएगा।
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पहले भी हो चुकीं घटनाएं
हल्द्वानी। गौलापार क्षेत्र में वन्यजीवों के हमले में कई लोगों की मौत हो चुकी है। पिछले साल जुलाई में गौला रेंज में हाथी के हमले में बीट वॉचर त्रिलोक राम की पत्नी पार्वती देवी की मौत हो गई थी। इसी साल गौलापार निवासी चनर सिंह की बाघ के हमले में मौत हो गई थी। ग्रामीण हाथियों का झुंड कई बार लोगों की फसल को भी नुकसान पहुंच चुका है।
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कालीपुर सुंदरपुर रैक्वाल के रहने वाले मदन सिंह और उनकी पत्नी 45 वर्षीय नंदी देवी तराई पूर्वी वन प्रभाग के किशनपुर रेंज के जंगल दानीबंगर में शाम छह बजे जलौनी लकड़ी बीनने गए थे। अचानक वहां हाथियों का झुंड आ गया। एक हाथी ने दंपती पर हमला कर दिया। मदन सिंह ने भागकर जान बचा ली लेकिन नंदी देवी हाथी के हमले से बच नहीं सकी। सूचना मिलने पर ग्रामीण, पुलिस और तराई पूर्वी वन प्रभाग के किशनपुर रेंज की टीम मौके पर पहुंची। एसओ चोरगलिया हरेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि करीब सौ मीटर जंगल में नंदी का क्षत विक्षत शव मिला है।
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वहीं, एसडीओ ध्रुव मार्तोलिया का कहना है कि पांच से छह हाथियों का झुंड अचानक वहां आ गया था। उनमें एक बच्चा भी था। इसमें एक हाथी पर हमला कर दिया। पीड़ित परिवार को चार लाख का मुआवजा दिया जाएगा।
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पहले भी हो चुकीं घटनाएं
हल्द्वानी। गौलापार क्षेत्र में वन्यजीवों के हमले में कई लोगों की मौत हो चुकी है। पिछले साल जुलाई में गौला रेंज में हाथी के हमले में बीट वॉचर त्रिलोक राम की पत्नी पार्वती देवी की मौत हो गई थी। इसी साल गौलापार निवासी चनर सिंह की बाघ के हमले में मौत हो गई थी। ग्रामीण हाथियों का झुंड कई बार लोगों की फसल को भी नुकसान पहुंच चुका है।