फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Nainital News ›   डाक्टर ने फांसी लगाकर जान दी

डाक्टर ने फांसी लगाकर जान दी

Thu, 10 Aug 2017 03:12 AM IST
Updated Thu, 10 Aug 2017 03:12 AM IST
विज्ञापन
डाक्टर ने फांसी लगाकर जान दी
हल्द्वानी। हिम्मतपुर मल्ला में किराए के मकान में रह रहे पशु चिकित्सक नंद किशोर ने मंगलवार की शाम फांसी का फंदा लगाकर जान दे दी। बताया जा रहा है कि शराब पीने पर पत्नी ने विरोध किया तो डॉक्टर ने बच्चों को कमरे से बाहर धकेला और फांसी लगा ली। घर वालों ने दरवाजा तोड़कर शव बाहर निकाला।
विज्ञापन

बरेली के बिशारतगंज निवासी 40 वर्षीय नंद किशोर शाहजहांपुर में पशु चिकित्सक के पद पर तैनात थे। उन्होंने यहां हिम्मतपुर मल्ला में सागर प्रधान के मकान में तीन साल पहले कमरा किराये पर लेकर बच्चों को शिफ्ट किया था। बताया जा रहा है कि मंगलवार की शाम पत्नी ममता से उनका शराब पीने को लेकर विवाद हो गया। इसके बाद उन्होंने दो बच्चों मिन्नी (11) और कृष्णा (08) को कमरे से जबरदस्ती निकाला और खुद को बंद कर दिया। पत्नी कुछ देर बाद वहां पहुंची तो बच्चों ने बताया कि पापा ने अंदर से कमरा बंद कर लिया है। आवाज देने पर अंदर से कोई जवाब नहीं मिला तो बच्चे शोर मचाने लगे। इस बीच पड़ोस के लोग भी आ गए। लोगों ने दरवाजा तोड़ दिया। डॉक्टर की गर्दन पंखे से लटक रही थी। घर वाले उन्हें रात में ही बेस अस्पताल ले गए लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। नंद किशोर के डाक्टर के पांच बच्चे हैं। बच्चों का कहना था कि पापा के शराब पीने को लेकर मां से उनका झगड़ा होता रहता था। मुखानी पुलिस ने पूछताछ के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। डॉक्टर के भाई सुरेश और साढू कमल भी मोर्चरी पहुंचे।
विज्ञापन


बच्चों की पढ़ाई के लिए लिया था कमरा
भाई सुरेश और अन्य परिजनों ने बताया कि नंद किशोर ने बच्चों को अच्छी शिक्षा दिलाने के लिए हल्द्वानी में कमरा लिया था लेकिन आत्महत्या कर उन्होंने खुद के ही सपनों को चकनाचूर कर दिया। पांचों बच्चों में काजल (17), प्रियंका (16), अरुण (14), मिन्नी (11), कृष्णा (08) का रोते-रोते बुरा हाल हो गया है। पत्नी ममता ने भी नहीं सोचा था कि पति इस तरह चले जाएंगे। परिजनों का कहना है कि वेतन मिलने के बाद डॉक्टर खूब शराब पीते थे। पत्नी इसके लिए मना करती थी लेकिन वह किसी की नहीं सुनते थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed