{"_id":"5ad8ff234f1c1b3a0b8b5722","slug":"101524170531-nainital-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्नातक की छात्रा ने फांसी लगाकर जान दी","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
स्नातक की छात्रा ने फांसी लगाकर जान दी
Updated Fri, 20 Apr 2018 02:33 AM IST
विज्ञापन
sucide shimla
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हल्द्वानी। दमुवाढूंगा शिवपुरी में बीए अंतिम वर्ष की छात्रा ने पंखे से फांसी लगाकर जान दे दी। उसने अपने प्रेमी को संबोधित सुसाइड नोट भी लिखा है जिसमें कहा है कि उसे दूसरे की होते हुए देख नहीं सकती। मौत के बाद मेरी मांग में सिंदूर भर देना। पता चला है कि प्रेमी से शादी नहीं होने पर वह तनावग्रस्त थी। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
दमुवाढूंगा शिवपुरी निवासी ई रिक्शा चालक नन्हे लाल की बेटी रेखा (21) एमबीपीजी कॉलेज में बीए तृतीय वर्ष की छात्रा थी। बृहस्पतिवार को परीक्षा देकर घर लौटी थी। घर पर मां मीना और छोटे भाई के अलावा कोई नहीं था। वह सीधे अपने कमरे में चली गई। कुछ देर बाद मां ने आवाज लगाई तो कोई जवाब नहीं आया। मां कमरे में गई तो वहां का सीन देखकर दंग रह गई। रेखा की गर्दन पंखे से लटकी हुई थी। उसकी चीख पुकार पर पड़ोसी भी आ गए। सूचना मिलने के बाद काठगोदाम पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने कमरे से छात्रा का सुसाइड नोट बरामद किया। उसने लिखा है कि आत्महत्या के लिए परिवार का कोई सदस्य या प्रेमी जिम्मेदार नहीं होगा। थानाध्यक्ष कमाल हसन ने बताया कि उसने प्रेमी का नाम और पता नहीं लिखा है। परिजनों ने भी उसके प्रेमी के बारे में अनभिज्ञता जताई है। पिता नन्हें लाल ने बताया कि रेखा पांच भाई बहनों में दूसरे नंबर की थी।
यह लिखा है सुसाइड नोट में
मैं अपनी मर्जी से आत्महत्या कर रही हूं क्योंकि में जिससे प्यार करती थी वह मुझे नहीं अपना रहा है। उसकी बिल्कुल भी गलत नहीं है। चाहती हूं मेरे मरने के बाद वह मेरी मांग सिंदूर से जाकर भरे और उसे कोई परेशान न करें क्योंकि मैंने उसे बहुत रुला दिया है। मेरे पास और कोई रास्ता नहीं है। न मैं गुस्सा हूं किसी से। खुश होकर जा रही हूं।
विज्ञापन
विज्ञापन
दमुवाढूंगा शिवपुरी निवासी ई रिक्शा चालक नन्हे लाल की बेटी रेखा (21) एमबीपीजी कॉलेज में बीए तृतीय वर्ष की छात्रा थी। बृहस्पतिवार को परीक्षा देकर घर लौटी थी। घर पर मां मीना और छोटे भाई के अलावा कोई नहीं था। वह सीधे अपने कमरे में चली गई। कुछ देर बाद मां ने आवाज लगाई तो कोई जवाब नहीं आया। मां कमरे में गई तो वहां का सीन देखकर दंग रह गई। रेखा की गर्दन पंखे से लटकी हुई थी। उसकी चीख पुकार पर पड़ोसी भी आ गए। सूचना मिलने के बाद काठगोदाम पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने कमरे से छात्रा का सुसाइड नोट बरामद किया। उसने लिखा है कि आत्महत्या के लिए परिवार का कोई सदस्य या प्रेमी जिम्मेदार नहीं होगा। थानाध्यक्ष कमाल हसन ने बताया कि उसने प्रेमी का नाम और पता नहीं लिखा है। परिजनों ने भी उसके प्रेमी के बारे में अनभिज्ञता जताई है। पिता नन्हें लाल ने बताया कि रेखा पांच भाई बहनों में दूसरे नंबर की थी।
विज्ञापन
यह लिखा है सुसाइड नोट में
मैं अपनी मर्जी से आत्महत्या कर रही हूं क्योंकि में जिससे प्यार करती थी वह मुझे नहीं अपना रहा है। उसकी बिल्कुल भी गलत नहीं है। चाहती हूं मेरे मरने के बाद वह मेरी मांग सिंदूर से जाकर भरे और उसे कोई परेशान न करें क्योंकि मैंने उसे बहुत रुला दिया है। मेरे पास और कोई रास्ता नहीं है। न मैं गुस्सा हूं किसी से। खुश होकर जा रही हूं।
विज्ञापन