फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Nainital News ›   Case against Monad University in scholarship scam

मोनाड विवि के खिलाफ छात्रवृत्ति घोटाले में मुकदमा

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Fri, 27 Sep 2019 01:21 AM IST
विज्ञापन
Case against Monad University in scholarship scam
हल्‍द्वानी छात्रवृत्ति घोटाले को लेकर पत्रकार वार्ता करते एसएसपी सुनील कुमार मीणा व इस दौरान मौ
हल्द्वानी। दशमोत्तर छात्रवृत्ति घोटाले में एसआईटी ने जिले में पहली एफआईआर दर्ज कराई। 28 छात्रों के नाम पर करीब 20,63,900 रुपये का घोटाला सामने आया है। एसआईटी के विवेचक दान सिंह मेहता ने भीमताल थाने में हापुड़ के मोनाड विश्वविद्यालय के उप निबंधक, इंडियन ओवरसीज बैंक के अज्ञात अधिकारियों कर्मचारियों और बिचौलियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है।
विज्ञापन

बृहस्पतिवार को एसएसपी सुनील कुमार मीणा ने बहुउद्देश्यीय भवन में पत्रकारों से वार्ता करते हुए बताया कि हाईकोर्ट के आदेश पर दशमोत्तर छात्रवृत्ति घोटाले की जांच के लिए जिले में एसआईटी का गठन किया गया था। एसआईटी ने समाज कल्याण विभाग से वर्ष 2012 से लेकर अब तक बांटी दशमोत्तर छात्रवृत्ति का विवरण लिया गया। अपर पुलिस अधीक्षक अमित श्रीवास्तव की देखरेख में 12 उप निरीक्षकों की टीम डाटा विश्लेषण के लिए गठित की गई। टीम ने 150 सरकारी, संस्थागत, इंटर कॉलेज और उच्च शिक्षण संस्थानों के 1800 छात्रों का सत्यापन किया गया। एसएसपी ने बताया कि बाहरी प्रदेशों के 62 शिक्षण संस्थानों को भी जांच के दायरे में लिया गया था। इन शिक्षण संस्थानों के छात्रों को जिले के समाज कल्याण विभाग से छात्रवृत्ति बांटी गई।
विज्ञापन

मोनाड विवि को हुआ 20,63,900 रुपये का भुगतान
एसएसपी ने बताया कि जांच में पता चला है कि उत्तर प्रदेश के हापुड़ जिले की मोनाड यूनिवर्सिटी को नैनीताल जिले के समाज कल्याण कार्यालय से 28 छात्रों की 20,63,900 रुपये का भुगतान किया गया है। जब छात्रों का भौतिक सत्यापन किया गया तो पता चला कि न तो इन छात्रों ने कभी मोनाड विवि में शिक्षा ग्रहण की और न ही कभी इन्हें छात्रवृत्ति मिली। बताया कि दो लोगों ने दो छात्रों को वर्ष 2014 में मोनाड विवि की डिग्री और छात्रवृत्ति दिलाने का आश्वासन दिया। लेकिन बाद में दोनों छात्रों को कुछ नहीं मिला।
विज्ञापन
विज्ञापन

उप निबंधक ने छात्रों के पास भेजे थे बिचौलिया
मोनाड विवि के उप निबंधक ने जिले के छात्रों के पास बिचौलियों को भेजा था। बिचौलियों ने रामनगर, कालाढूंगी, लामाचौड़ और दमुवाढूंगा के 28 छात्रों को चिह्नित कर उनके दस्तावेज लिए गए। साथ ही इन छात्रों का प्रवेश अपने विवि में दिखाया और इन छात्रों की छात्रवृत्ति भी ले ली। एसआईटी जांच में सामने आया कि इन छात्रों ने कभी विवि में पढ़ा ही नहीं। इन छात्रों ने कभी इंडियन ओवरसीज बैंक की हापुड़ शाखा में खाता भी नहीं खोला है। एसएसपी ने बताया कि वर्ष 2014-15 के सत्र में यह छात्रवृत्ति घोटाला सामने आया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed