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आउटसोर्स कर्मचारियों को HC से बड़ी राहत: वन विभाग के उस आदेश को किया रद्द, जिसमें बदला गया था मानव मद
Tue, 09 Jan 2024 02:03 PM IST
हीरा मेहरा
अमर उजाला नेटवर्क, नैनीताल
अमर उजाला नेटवर्क, नैनीताल
Published by: हीरा मेहरा
Updated Tue, 09 Jan 2024 02:03 PM IST
सार
उत्तराखंड हाईकोर्ट ने वन विभाग के आउटसोर्स एजेंसी से नियुक्त कर्मचारियों के मामले पर सुनवाई की। जिसमें हाईकोर्ट ने आउटसोर्स एजेंसी से नियुक्त कर्मचारियों को राहत दी है।
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उत्तराखंड हाईकोर्ट
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
हाईकोर्ट ने वन विभाग में आउटसोर्स एजेंसी से नियुक्त कर्मचारियों को बड़ी राहत दी है। हाईकोर्ट ने इन कार्मिकों को हटाने के आदेश पर रोक लगा दी है।
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कोर्ट ने वन विभाग के 18 जुलाई 2023 के उस फैसले को रद्द कर दिया है, जिसमें मानव मद बदला गया था। इसी निर्णय के बाद 17 नवंबर 2023 को वर्षों से आउटसोर्स के रूप में कार्यरत कर्मचारियों की सेवा समाप्त कर दी गई थी। कोर्ट ने सरकार को इन कार्मिकों के अब तक के वेतन का भुगतान करने और उन्हें समय पर वेतन देने का भी आदेश दिया है। अब यह सरकार को तय करना है कि इन्हें किस मद से वेतन दिया जाए। कोर्ट ने छह हफ्ते में विस्तृत शपथपत्र देने के निर्देश भी दिए हैं।
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अगली सुनवाई फरवरी के बाद होगी। न्यायमूर्ति पंकज पुरोहित की एकलपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। वन विभाग में उपनल सहित अन्य आउटसोर्स एजेंसियों के माध्यम से 2187 लोग काम कर रहे थे। 17 नवंबर को शासन ने अधिसूचना जारी कर विभाग का पुनर्गठन करने और 1113 पदों को आउटसोर्स एजेंसी के माध्यम से भरने का निर्देश दिया था, जिसे अल्मोड़ा के दिनेश परिहार और देहरादून के दिनेश चौहान और अन्य ने हाईकोर्ट में चुनौती दी थी।