{"_id":"5ad3af084f1c1b54098b4be8","slug":"71523822344-nainital-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"नगर निगम वसूलेगा भवन कर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नगर निगम वसूलेगा भवन कर
Updated Mon, 16 Apr 2018 01:29 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हल्द्वानी। नगर निगम अब निगम क्षेत्र में पुलिस और प्रशासनिक भवनों से भवन कर वसूलेगा। नगर आयुक्त ने दोनों विभागों को स्वमूल्यांकन कर भवन कर जमा करने को पत्र भेजा है।
नगर निगम की बोर्ड बैठक में आय बढ़ाने का प्रस्ताव पारित हुआ था। प्रस्ताव पारित होने के बाद नगर निगम ने बिजली विभाग को पत्र भेज भवन कर, ट्रांसफार्मर और सबस्टेशन के किराए के रूप में करीब दो करोड़ रुपये मांगे थे। माना जा रहा है कि नगर निगम ने खुद का राजस्व बढ़ाने की चिंता कम और बिजली विभाग से अपना हिसाब बराबर करने की कोशिश में यह कदम उठाया था। इससे कुछ दिन पहले ही विद्युत विभाग ने बिजली के बकाये बिल की वसूली न होने पर निगम का बिजली का कनेक्शन काटा था।
अब निगम की निगाह पुलिस और प्रशासन की ओर भी घूमी है। नगर आयुक्त ने प्रशासन और पुलिस विभाग को पत्र भेजा है। उन्होंने भवन और स्वच्छता कर का स्वमूल्यांकन कर जमा करने को कहा है। गृह कर की निगम को अचानक ही याद आने से पुलिस और प्रशासन के अधिकारी भी हैरान हैं।
विज्ञापन
प्रशासनिक और पुलिस भवनों पर भवन कर का फैसला बोर्ड बैठक में पारित निगम की आय बढ़ाने के प्रस्ताव के तहत लिया गया है। निगम इन दोनों विभागों को ही नागरिक सुविधाओं को उपलब्ध करा रहा है। भवन कर लगने से जो आमदनी होगी उसे निगम विकास कार्य में लगाएगा।
- जोगेंद्र रौतेला, मेयर
विज्ञापन
नगर निगम की बोर्ड बैठक में आय बढ़ाने का प्रस्ताव पारित हुआ था। प्रस्ताव पारित होने के बाद नगर निगम ने बिजली विभाग को पत्र भेज भवन कर, ट्रांसफार्मर और सबस्टेशन के किराए के रूप में करीब दो करोड़ रुपये मांगे थे। माना जा रहा है कि नगर निगम ने खुद का राजस्व बढ़ाने की चिंता कम और बिजली विभाग से अपना हिसाब बराबर करने की कोशिश में यह कदम उठाया था। इससे कुछ दिन पहले ही विद्युत विभाग ने बिजली के बकाये बिल की वसूली न होने पर निगम का बिजली का कनेक्शन काटा था।
विज्ञापन
अब निगम की निगाह पुलिस और प्रशासन की ओर भी घूमी है। नगर आयुक्त ने प्रशासन और पुलिस विभाग को पत्र भेजा है। उन्होंने भवन और स्वच्छता कर का स्वमूल्यांकन कर जमा करने को कहा है। गृह कर की निगम को अचानक ही याद आने से पुलिस और प्रशासन के अधिकारी भी हैरान हैं।
विज्ञापन
प्रशासनिक और पुलिस भवनों पर भवन कर का फैसला बोर्ड बैठक में पारित निगम की आय बढ़ाने के प्रस्ताव के तहत लिया गया है। निगम इन दोनों विभागों को ही नागरिक सुविधाओं को उपलब्ध करा रहा है। भवन कर लगने से जो आमदनी होगी उसे निगम विकास कार्य में लगाएगा।
- जोगेंद्र रौतेला, मेयर