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73 भवनों पर लगा अग्निशमन विभाग का अड़ंगा
Updated Wed, 27 Dec 2017 02:27 AM IST
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हल्द्वानी। जिले में निर्माणाधीन 73 भवनों पर अग्निशमन विभाग का अड़ंगा लग गया है। इन भवनों का निर्माण विभाग के मानक के विपरीत पाए गए हैं। इनमें हल्द्वानी के 38, रामनगर के 19 और नैनीताल के 16 भवन शामिल हैं। सिर्फ 139 भवनों को भी अनापत्ति प्रमाण पत्र की मंजूरी मिली है।
मुख्य अग्नि शमन अधिकारी (सीएफओ) संजीवा कुमार ने बताया कि पारदर्शिता बरतने के लिए प्रदेश सरकार ने भवनों के अनापत्ति प्रमाण पत्र के लिए जून माह से ऑनलाइन प्रक्रिया शुरू की थी। अनापत्ति प्रमाणपत्रों को तीन भागों में बांटा गया है। भवन की पूर्व स्थापना (प्री एस्बलिसमेंट), दूसरा पूर्व परिचालन (प्री ऑपरेशनल), वार्षिक मंजूरी (एनुअल क्लीयरेंस) शामिल हैं। तीनों भागों को मिलाकर अभी तक 212 आवेेदन आए हैं। इनमें 139 भवनों को अनापत्ति प्रमाणपत्र अग्निशमन अधिकारियों द्वारा प्रदान किया गया है। कई कमियों के चलते 73 भवनों को अनापत्ति प्रमाण पत्र नहीं मिल सका। अग्निशमन अधिकारी को जांच के लिए समय निर्धारित किया गया है। नियमानुसार अग्निशमन अधिकारी पूर्व स्थापना के भवनों की जांच तीन दिन में करने के बाद रिपोर्ट मुख्य अग्निशमन अधिकारी को प्रदान करते हैं। मुख्य अग्निशमन अधिकारी इस रिपोर्ट की समीक्षा करने के बाद उसे 15 दिन के अंदर मुख्यालय भेज देते हैं। पूर्व परिचालन भवनों की रिपोर्ट 30 दिन में मुख्यालय को भेजी जाती है। अग्निशमन अधिकारी छह दिनों के अंदर पूर्व परिचालन भवनों की रिपोर्ट सीएफओ को देते हैं।
इस मेल आईडी पर होता है आवेदन
सीएफओ के अनुसार डब्ल्यू डब्ल्यू डब्ल्यू फायर सर्विस डॉट काम पर आम जनता आवेदन कर सकती है। आवेदन के बाद तय समय सीमा तक अग्निशमन अधिकारी जांच रिपोर्ट देते हैं। इस कार्य में किसी सिफारिश की जरूरत नहीं पड़ती है।
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मुख्य अग्नि शमन अधिकारी (सीएफओ) संजीवा कुमार ने बताया कि पारदर्शिता बरतने के लिए प्रदेश सरकार ने भवनों के अनापत्ति प्रमाण पत्र के लिए जून माह से ऑनलाइन प्रक्रिया शुरू की थी। अनापत्ति प्रमाणपत्रों को तीन भागों में बांटा गया है। भवन की पूर्व स्थापना (प्री एस्बलिसमेंट), दूसरा पूर्व परिचालन (प्री ऑपरेशनल), वार्षिक मंजूरी (एनुअल क्लीयरेंस) शामिल हैं। तीनों भागों को मिलाकर अभी तक 212 आवेेदन आए हैं। इनमें 139 भवनों को अनापत्ति प्रमाणपत्र अग्निशमन अधिकारियों द्वारा प्रदान किया गया है। कई कमियों के चलते 73 भवनों को अनापत्ति प्रमाण पत्र नहीं मिल सका। अग्निशमन अधिकारी को जांच के लिए समय निर्धारित किया गया है। नियमानुसार अग्निशमन अधिकारी पूर्व स्थापना के भवनों की जांच तीन दिन में करने के बाद रिपोर्ट मुख्य अग्निशमन अधिकारी को प्रदान करते हैं। मुख्य अग्निशमन अधिकारी इस रिपोर्ट की समीक्षा करने के बाद उसे 15 दिन के अंदर मुख्यालय भेज देते हैं। पूर्व परिचालन भवनों की रिपोर्ट 30 दिन में मुख्यालय को भेजी जाती है। अग्निशमन अधिकारी छह दिनों के अंदर पूर्व परिचालन भवनों की रिपोर्ट सीएफओ को देते हैं।
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इस मेल आईडी पर होता है आवेदन
सीएफओ के अनुसार डब्ल्यू डब्ल्यू डब्ल्यू फायर सर्विस डॉट काम पर आम जनता आवेदन कर सकती है। आवेदन के बाद तय समय सीमा तक अग्निशमन अधिकारी जांच रिपोर्ट देते हैं। इस कार्य में किसी सिफारिश की जरूरत नहीं पड़ती है।
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