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शराब की दुकान के खिलाफ प्रदर्शन
Updated Tue, 08 Aug 2017 02:51 AM IST
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हल्द्वानी। चंबल पुल के पास महिलाओं के शराब की दुकान के खिलाफ प्रदर्शन बेअसर साबित हो रहा है। प्रदर्शन के बाद भी दुकान पर धड़ल्ले से शराब की बिक्री हो रही है। महिलाओं का कहना है कि आंदोलन के बावजूद जिला प्रशासन शराब की दुकान बंद नहीं करा रहा है।
चंबल पुल के पास महिलाएं दुकान खुलने से पहले से आंदोलन कर रही हैं। आंदोलन को दरकिनार करते हुए आबकारी विभाग ने दुकान खुलवाई। महिलाओं ने इस मामले में दो दिनों तक चक्काजाम भी किया। प्रशासन ने चक्काजाम करने पर मुकदमा दर्ज करने की हिदायत दी। इसके बाद महिलाएं धरना प्रदर्शन करने लगीं। इधर दो दिनों से फिर धरना प्रदर्शन जारी है, लेकिन दुकान से शराब बिक रही है। सोमवार देर शाम उत्तराखंड परिवर्तन पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष पीसी तिवारी ने धरनास्थल पर पहुंचकर महिलाओं के आंदोलन को समर्थन दिया। उन्होंने कहा कि महिलाएं समाज को बचाने के लिए आंदोलन कर रही हैं, लेकिन सरकार, जनप्रतिनिधियों और प्रशासन को उनकी परवाह नहीं है, यह शर्मनाक है। उन्होंने कहा कि ठेके पर बिजली का मीटर भी नहीं दिख रहा है। उन्होंने सिटी मजिस्ट्रेट से इसकी जांच की मांग की है। वहीं, आंदोलन में शामिल महिला सरोज ने बताया कि शराब के ठेके वाले उनको लगातार धमका रहे हैं।
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चंबल पुल के पास महिलाएं दुकान खुलने से पहले से आंदोलन कर रही हैं। आंदोलन को दरकिनार करते हुए आबकारी विभाग ने दुकान खुलवाई। महिलाओं ने इस मामले में दो दिनों तक चक्काजाम भी किया। प्रशासन ने चक्काजाम करने पर मुकदमा दर्ज करने की हिदायत दी। इसके बाद महिलाएं धरना प्रदर्शन करने लगीं। इधर दो दिनों से फिर धरना प्रदर्शन जारी है, लेकिन दुकान से शराब बिक रही है। सोमवार देर शाम उत्तराखंड परिवर्तन पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष पीसी तिवारी ने धरनास्थल पर पहुंचकर महिलाओं के आंदोलन को समर्थन दिया। उन्होंने कहा कि महिलाएं समाज को बचाने के लिए आंदोलन कर रही हैं, लेकिन सरकार, जनप्रतिनिधियों और प्रशासन को उनकी परवाह नहीं है, यह शर्मनाक है। उन्होंने कहा कि ठेके पर बिजली का मीटर भी नहीं दिख रहा है। उन्होंने सिटी मजिस्ट्रेट से इसकी जांच की मांग की है। वहीं, आंदोलन में शामिल महिला सरोज ने बताया कि शराब के ठेके वाले उनको लगातार धमका रहे हैं।
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