फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Kotdwar News ›   The terror of elephants is not stopping in Jhandichaur, wheat crops are being trampled

Kotdwar News: झंडीचौड़ में नहीं थम रहा हाथियों का आतंक, गेहूं की फसल रौंदी

Sat, 15 Mar 2025 10:26 PM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Sat, 15 Mar 2025 10:26 PM IST
विज्ञापन
The terror of elephants is not stopping in Jhandichaur, wheat crops are being trampled

विज्ञापन
कोटद्वार। भाबर क्षेत्र के अंतर्गत वार्ड नंबर-37 पश्चिमी झंडीचौड़ में हाथियों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। शुक्रवार रात को हाथियों के झुंड ने कई काश्तकारों की गेहूं की फसल रौंद डाली। क्षेत्र के काश्तकारों ने उन्हें फसलों की क्षति का मुआवजा देने और क्षेत्र में वन कर्मियों की गश्त बढ़ाने की मांग की है।


पार्षद सुखपाल शाह ने बताया कि क्षेत्र में 15 दिनों से हाथियों का आतंक बना हुआ है। शुक्रवार रात को डेढ़ बजे के करीब भी सात हाथियों का झुंड आबादी क्षेत्र में घुस गया। हाथियों ने महेंद्र सिंह, कल्पेश्वरी देवी, शिव सिंह, नरेंद्र सिंह, धर्म सिंह समेत अन्य काश्तकारों के खेतों में खड़ी गेहूं की फसल रौंद डाली। कहा कि शाम ढलते ही हाथी आबादी क्षेत्र में धमक रहे हैं, जिससे जानमाल का खतरा भी बना हुआ है। क्षेत्र के काश्तकार लंबे समय से हाथी सुरक्षा दीवार बनाने की मांग कर रहे हैं, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। कहा कि एक ओर जहां केंद्र सरकार काश्तकारों की आय बनाने के लिए अनेक योजनाएं संचालित कर रही है, वहीं दूसरी ओर प्रदेश सरकार और वन विभाग काश्तकारों की समस्याओं को गंभीरता से नहीं ले रहा है। कहा कि वन विभाग से कई बार काश्तकारों को गांधी बंदूक, पटाखे, टॉर्च आदि उपलब्ध कराने की मांग की गई, लेकिन काश्तकारों को अभी तक यह चीजें भी उपलब्ध नहीं कराई गईं। कहा कि पश्चिमी झंडीचौड़ वार्ड में 90 फीसदी से अधिक लोगों की आजीविका खेती-बाड़ी पर निर्भर है। जंगली हाथी उनकी पिछले चार माह की पूरी मेहनत पर पानी फेर रहे हैं, जिससे क्षेत्र के काश्तकारों के समक्ष आजीविका का संकट खड़ा हो गया है। उन्होंने वन विभाग से प्रभावित काश्तकारों को मुआवजा देने और हाथियों के बढ़ते उत्पात पर अंकुश लगाने की मांग की है।
विज्ञापन

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed