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Kotdwar News: पांच लाख की बीमा राशि के लिए उत्तराधिकार प्रमाणपत्र जारी करने का आदेश
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पौड़ी। अदालत ने मृतका बीना देवी की पांच लाख रुपए की बीमा पॉलिसी के लिए उनकी देवरानी रजनी गर्ग के पक्ष में उत्तराधिकार प्रमाणपत्र जारी करने का आदेश दिया है। जिला जज धर्म सिंह की अदालत ने यह फैसला सुनाया।
अदालत में रजनी गर्ग ने समान नागरिक संहिता उत्तराखंड 2025 के तहत आवेदन प्रस्तुत किया था। बताया कि मृतका बीना देवी के नाम पर पांच लाख की बीमा पॉलिसी जमा थी। बीना देवी की मृत्यु 16 सितंबर 2020 को हुई थी। उनके पति रमेश चंद्र गर्ग की मृत्यु 29 नवंबर 2021 को और इकलौते पुत्र प्रतीक गर्ग की मृत्यु 7 जून 2024 को हुई थी। मामले में रजनी गर्ग और चचेरा भाई पार्थ गर्ग को वैधानिक उत्तराधिकारी बताया गया। अदालत के समक्ष प्रस्तुत दस्तावेजों और साक्ष्यों से भी यह तथ्य सामने आया कि रजनी गर्ग व पार्थ गर्ग उनके कानूनी उत्तराधिकारी हैं। वहीं अन्य पक्षकार को न्यायालय के समन का सार्वजनिक रूप से प्रकाशन किया गया था, जिसमें किसी व्यक्ति ने आपत्ति दाखिल नहीं की।
अदालत ने सभी साक्ष्यों और अभिलेखों का अवलोकन करने के बाद रजनी गर्ग को उत्तराधिकार प्रमाणपत्र जारी करने के आदेश दिए। स्पष्ट किया कि प्रमाणपत्र केवल उक्त पॉलिसी की सावधि जमा धनराशि के लिए ही उपयोग किया जाएगा।
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अदालत में रजनी गर्ग ने समान नागरिक संहिता उत्तराखंड 2025 के तहत आवेदन प्रस्तुत किया था। बताया कि मृतका बीना देवी के नाम पर पांच लाख की बीमा पॉलिसी जमा थी। बीना देवी की मृत्यु 16 सितंबर 2020 को हुई थी। उनके पति रमेश चंद्र गर्ग की मृत्यु 29 नवंबर 2021 को और इकलौते पुत्र प्रतीक गर्ग की मृत्यु 7 जून 2024 को हुई थी। मामले में रजनी गर्ग और चचेरा भाई पार्थ गर्ग को वैधानिक उत्तराधिकारी बताया गया। अदालत के समक्ष प्रस्तुत दस्तावेजों और साक्ष्यों से भी यह तथ्य सामने आया कि रजनी गर्ग व पार्थ गर्ग उनके कानूनी उत्तराधिकारी हैं। वहीं अन्य पक्षकार को न्यायालय के समन का सार्वजनिक रूप से प्रकाशन किया गया था, जिसमें किसी व्यक्ति ने आपत्ति दाखिल नहीं की।
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अदालत ने सभी साक्ष्यों और अभिलेखों का अवलोकन करने के बाद रजनी गर्ग को उत्तराधिकार प्रमाणपत्र जारी करने के आदेश दिए। स्पष्ट किया कि प्रमाणपत्र केवल उक्त पॉलिसी की सावधि जमा धनराशि के लिए ही उपयोग किया जाएगा।
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