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Kotdwar News: कण्वाश्रम का इतिहास जानने को पुरातत्व सर्वेक्षण की टीम करेगी खोदाई
Thu, 11 Dec 2025 06:59 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
Updated Thu, 11 Dec 2025 06:59 PM IST
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सर्वेक्षण की दो सदस्यीय टीम ने खोदाई के लिए चिह्नित किए दो स्थान
कण्वघाटी/किशनपुर। कण्वाश्रम का इतिहास जानने के लिए भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण कण्वाश्रम क्षेत्र में खोदाई करेगा। बृहस्पतिवार को भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण की दो सदस्यीय टीम ने कण्वाश्रम पहुंचकर खोदाई करने के लिए दो स्थान चिह्नित किए। अधिकारियों ने बताया कि वन विभाग से उन्हें खोदाई के लिए अनुमति मिल गई है।
कण्वाश्रम पहुंचे अधीक्षक पुरातत्वविद् एमसी जोशी ने बताया कि कण्वाश्रम के इतिहास को खंगालने के लिए बहुत पहले से ही प्रयास चल रहे हैं। गढ़वाल सांसद अनिल बलूनी के आग्रह पर भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण ने पूर्व में भी कण्वाश्रम क्षेत्र का निरीक्षण किया था। निरीक्षण के दौरान टीम को बर्तनों और नक्काशीदार पत्थरों के अवशेष मिले थे। इससे पता चला था कि वहां नौवीं और दसवीं शताब्दी की सभ्यता मौजूद थी। सर्वेक्षण में यह भी पाया गया कि इस स्थान से ही मंदिर के द्वारों के अवशेष और मूर्तियां निकलीं।
निरीक्षण के दौरान सहायक पुरातत्वविद पीएस राणा, भाजपा जिलाध्यक्ष राजगौरव नौटियाल, वन दारोगा गंभीर सिंह तोमर, पार्षद शशिकांत जोशी, मनीष भट्ट, प्रमोद बहुखंडी, राजेंद्र प्रसाद भट्ट आदि मौजूद रहे।
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कण्वघाटी/किशनपुर। कण्वाश्रम का इतिहास जानने के लिए भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण कण्वाश्रम क्षेत्र में खोदाई करेगा। बृहस्पतिवार को भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण की दो सदस्यीय टीम ने कण्वाश्रम पहुंचकर खोदाई करने के लिए दो स्थान चिह्नित किए। अधिकारियों ने बताया कि वन विभाग से उन्हें खोदाई के लिए अनुमति मिल गई है।
कण्वाश्रम पहुंचे अधीक्षक पुरातत्वविद् एमसी जोशी ने बताया कि कण्वाश्रम के इतिहास को खंगालने के लिए बहुत पहले से ही प्रयास चल रहे हैं। गढ़वाल सांसद अनिल बलूनी के आग्रह पर भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण ने पूर्व में भी कण्वाश्रम क्षेत्र का निरीक्षण किया था। निरीक्षण के दौरान टीम को बर्तनों और नक्काशीदार पत्थरों के अवशेष मिले थे। इससे पता चला था कि वहां नौवीं और दसवीं शताब्दी की सभ्यता मौजूद थी। सर्वेक्षण में यह भी पाया गया कि इस स्थान से ही मंदिर के द्वारों के अवशेष और मूर्तियां निकलीं।
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निरीक्षण के दौरान सहायक पुरातत्वविद पीएस राणा, भाजपा जिलाध्यक्ष राजगौरव नौटियाल, वन दारोगा गंभीर सिंह तोमर, पार्षद शशिकांत जोशी, मनीष भट्ट, प्रमोद बहुखंडी, राजेंद्र प्रसाद भट्ट आदि मौजूद रहे।
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