{"_id":"6968f00bafe5694e3505b134","slug":"agency-employees-have-not-received-their-salaries-for-three-months-kotdwar-news-c-49-1-kdr1001-121110-2026-01-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kotdwar News: तीन माह से एजेंसी श्रेणी के कर्मचारियों को नहीं मिला वेतन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kotdwar News: तीन माह से एजेंसी श्रेणी के कर्मचारियों को नहीं मिला वेतन
Thu, 15 Jan 2026 07:17 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
Updated Thu, 15 Jan 2026 07:17 PM IST
विज्ञापन
रोडवेज डिपो के कर्मचारियों को विलंब से मिल रहा वेतन
कोटद्वार। रोडवेज डिपो में कार्यरत कई चालकों एवं परिचालकों पिछले तीन महीनों से पारिश्रमिक नहीं मिलने से कर्मचारियों को आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। वहीं, अन्य कर्मचारियों का वेतन काफी विलंब से मिलने से उन्हें भी आर्थिक तंगी झेलनी पड़ रही है।
कोटद्वार रोडवेज डिपो की बसों का संचालन निगम के चालक-परिचालकों के अलावा संविदा, विशेष श्रेणी एवं एजेंसी की व्यवस्था के अंतर्गत रखे गए चालकों एवं परिचालकों द्वारा किया जाता है। प्रत्येक श्रेणी के कर्मचारियों का वेतन एवं पारिश्रमिक काफी विलंब से मिल रहा है लेकिन एजेंसी व्यवस्था के अंतर्गत रखे गए चालकों-परिचालकों को सबसे अधिक समस्या झेलनी पड़ रही है।
ऐसे चालकों-परिचालकों का कहना है कि उन्हें अक्तूबर, नवंबर, दिसंबर का पारिश्रमिक नहीं मिला है और अब पांच दिन बाद यानि 20 जनवरी के बाद चार माह पूरे हो जाएंगे। घर के रोजमर्रा के खर्च, बच्चों की स्कूल फीस समेत तमाम छिटपुट आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए धनाभाव में काफी मानसिक कष्ट झेलना पड़ रहा है। वहीं, एजेंसी श्रेणी के कर्मचारियों का कहना है कि अधिकारियों के समक्ष अपनी समस्या रखते-रखते वे थक चुके हैं। स्थानीय और क्षेत्रीय कार्यालय से उन्हें संतोषजनक जवाब नहीं मिल रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
कोटद्वार। रोडवेज डिपो में कार्यरत कई चालकों एवं परिचालकों पिछले तीन महीनों से पारिश्रमिक नहीं मिलने से कर्मचारियों को आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। वहीं, अन्य कर्मचारियों का वेतन काफी विलंब से मिलने से उन्हें भी आर्थिक तंगी झेलनी पड़ रही है।
कोटद्वार रोडवेज डिपो की बसों का संचालन निगम के चालक-परिचालकों के अलावा संविदा, विशेष श्रेणी एवं एजेंसी की व्यवस्था के अंतर्गत रखे गए चालकों एवं परिचालकों द्वारा किया जाता है। प्रत्येक श्रेणी के कर्मचारियों का वेतन एवं पारिश्रमिक काफी विलंब से मिल रहा है लेकिन एजेंसी व्यवस्था के अंतर्गत रखे गए चालकों-परिचालकों को सबसे अधिक समस्या झेलनी पड़ रही है।
विज्ञापन
ऐसे चालकों-परिचालकों का कहना है कि उन्हें अक्तूबर, नवंबर, दिसंबर का पारिश्रमिक नहीं मिला है और अब पांच दिन बाद यानि 20 जनवरी के बाद चार माह पूरे हो जाएंगे। घर के रोजमर्रा के खर्च, बच्चों की स्कूल फीस समेत तमाम छिटपुट आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए धनाभाव में काफी मानसिक कष्ट झेलना पड़ रहा है। वहीं, एजेंसी श्रेणी के कर्मचारियों का कहना है कि अधिकारियों के समक्ष अपनी समस्या रखते-रखते वे थक चुके हैं। स्थानीय और क्षेत्रीय कार्यालय से उन्हें संतोषजनक जवाब नहीं मिल रहा है।
विज्ञापन