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सरकार के ग्राम स्वराज अभियान का पुतला दहन करेगी संघर्ष समिति
Updated Sat, 14 Apr 2018 11:04 PM IST
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कोटद्वार। नगर निगम विरोध संघर्ष समिति के अध्यक्ष डा. शक्तिशैल कपरवाण ने कहा कि कोटद्वार भाबर के ग्रामीण केंद्र और राज्य सरकार के ग्राम स्वराज अभियान का पुतला फूंकेंगे। कहा कि एक ओर राज्य सरकार कोटद्वार भाबर की 35 ग्राम पंचायतों के 73 गांवों का वजूद खत्म कर जनभावनाओं के विपरीत नगर निगम बना रही है, वहीं जनता को गुमराह करने के लिए सरकारी ग्राम स्वराज अभियान चलाया जा रहा है।
यहां देवीमंदिर में हुई समिति की बैठक में तय किया कि नगर निगम के विरोध में समिति जन जागरूकता अभियान चलाएगी। कहा कि भाबर का कोई ऐसा गांव नहीं है, जहां लोग नगर निगम का विरोध नहीं कर रहे हों। खेतीबाड़ी के कार्य के चलते काश्तकारों को घर से बाहर निकलने का समय नहीं लग रहा है। कहा कि गेहूं की मंडाई के बाद लोग घरों से निकलेंगे। नगर निगम के साथ ही भाबर के ग्रामीणों में जिला विकास प्राधिकरण का विरोध है। इसमें हर छोटे-बड़े निर्माण के लिए नक्शा पास कराने की बाध्यता है। प्रधान संघ के संयोजक चंद्रप्रकाश नैथानी, दुगड्डा प्रधान संघ के अध्यक्ष सुरेश रावत, विनोद कुमार, विजय ध्यानी, राजाराम अण्थ्वाल का कहना है कि लोकतांत्रिक लड़ाई के साथ ही न्यायिक लड़ाई लड़ी जाएगी। कहा कि राज्य सरकार गांवों का वजूद मिटाकर नगर निगम बनाने पर उतारू है। यही कारण रहा कि जनसुनवाई के नाम पर खानापूर्ति की गई है।
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यहां देवीमंदिर में हुई समिति की बैठक में तय किया कि नगर निगम के विरोध में समिति जन जागरूकता अभियान चलाएगी। कहा कि भाबर का कोई ऐसा गांव नहीं है, जहां लोग नगर निगम का विरोध नहीं कर रहे हों। खेतीबाड़ी के कार्य के चलते काश्तकारों को घर से बाहर निकलने का समय नहीं लग रहा है। कहा कि गेहूं की मंडाई के बाद लोग घरों से निकलेंगे। नगर निगम के साथ ही भाबर के ग्रामीणों में जिला विकास प्राधिकरण का विरोध है। इसमें हर छोटे-बड़े निर्माण के लिए नक्शा पास कराने की बाध्यता है। प्रधान संघ के संयोजक चंद्रप्रकाश नैथानी, दुगड्डा प्रधान संघ के अध्यक्ष सुरेश रावत, विनोद कुमार, विजय ध्यानी, राजाराम अण्थ्वाल का कहना है कि लोकतांत्रिक लड़ाई के साथ ही न्यायिक लड़ाई लड़ी जाएगी। कहा कि राज्य सरकार गांवों का वजूद मिटाकर नगर निगम बनाने पर उतारू है। यही कारण रहा कि जनसुनवाई के नाम पर खानापूर्ति की गई है।
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