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यूकेडी ने उठाई कण्वाश्रम में प्रस्तावित झील के डीपीआर की जांच कराने की मांग
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कोटद्वार। उत्तराखंड क्रांति दल (यूकेडी) ने कण्वाश्रम स्थित चौकीघाटा में झील की दीवारों की गलत डीपीआर बनाने पर गहरा रोष जताते हुए निर्माण कार्य के लिए बनाई गई डीपीआर की जांच किसी अन्य एजेंसी से कराए जाने समेत चार सूत्री मांगों के निराकरण की मांग उठाई है। मांगों को लेकर यूकेडी कार्यकर्ताओं ने एसडीएम को ज्ञापन सौंपा है।
शुक्रवार को यूकेडी कार्यकर्ता तहसील पहुंचे। यहां उन्होंने उपजिलाधिकारी को संबोधित ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में कहा गया कि कण्वाश्रम स्थित चौकीघाटा में झील के अधूरे निर्माण और झील की दीवारों की गलत डीपीआर बनाने से क्षेत्र में बाढ़ का खतरा उत्पन्न हो गया है। इससे सिंचाई विभाग के साइफन, कण्वाश्रम पुल के साथ ही मालन के तटीय इलाके कोटला, मवाकोट, घमंडपुर, नंदपुर, जीवानंदपुर, देवरामपुर बाढ़ की जद में आ गए हैं और बाढ़ से इन क्षेत्रों में भारी तबाही की आशंका बनी हुई है। कहा कि गोखले मार्ग में ट्रैफिक प्लान लागू है, लेकिन मार्ग पर अतिक्रमण के चलते वाहन चालकों को इस मार्ग पर गुजरने में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ज्ञापन में मालन नदी में प्रस्तावित झील निर्माण कार्य की डीपीआर की किसी अन्य जांच एजेंसी से जांच कराने, मालन नदी में बाढ़ के संभावित खतरे को देखते हुए बचाव के लिए युद्ध स्तर पर कार्य करवाने, पनियाली गदेरे, खोह, मालन नदियों में अतिक्रमण को चिह्नित करने, खोह नदी स्थित ट्रंचिंग ग्राउंड को शिफ्ट करने और गोखले मार्ग से अतिक्रमण हटाने की मांग की गई। ज्ञापन सौंपने वालों में यूकेडी जिलाध्यक्ष महेंद्र सिंह रावत, पंकज भट्ट, गुलाब सिंह रावत, हयात सिंह गुसाईं, दिनेश, विनोद कुमार अग्रवाल, पितृशरण जोशी, अशोक कंडारी व भूपाल सिंह रावत शामिल रहे।
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शुक्रवार को यूकेडी कार्यकर्ता तहसील पहुंचे। यहां उन्होंने उपजिलाधिकारी को संबोधित ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में कहा गया कि कण्वाश्रम स्थित चौकीघाटा में झील के अधूरे निर्माण और झील की दीवारों की गलत डीपीआर बनाने से क्षेत्र में बाढ़ का खतरा उत्पन्न हो गया है। इससे सिंचाई विभाग के साइफन, कण्वाश्रम पुल के साथ ही मालन के तटीय इलाके कोटला, मवाकोट, घमंडपुर, नंदपुर, जीवानंदपुर, देवरामपुर बाढ़ की जद में आ गए हैं और बाढ़ से इन क्षेत्रों में भारी तबाही की आशंका बनी हुई है। कहा कि गोखले मार्ग में ट्रैफिक प्लान लागू है, लेकिन मार्ग पर अतिक्रमण के चलते वाहन चालकों को इस मार्ग पर गुजरने में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ज्ञापन में मालन नदी में प्रस्तावित झील निर्माण कार्य की डीपीआर की किसी अन्य जांच एजेंसी से जांच कराने, मालन नदी में बाढ़ के संभावित खतरे को देखते हुए बचाव के लिए युद्ध स्तर पर कार्य करवाने, पनियाली गदेरे, खोह, मालन नदियों में अतिक्रमण को चिह्नित करने, खोह नदी स्थित ट्रंचिंग ग्राउंड को शिफ्ट करने और गोखले मार्ग से अतिक्रमण हटाने की मांग की गई। ज्ञापन सौंपने वालों में यूकेडी जिलाध्यक्ष महेंद्र सिंह रावत, पंकज भट्ट, गुलाब सिंह रावत, हयात सिंह गुसाईं, दिनेश, विनोद कुमार अग्रवाल, पितृशरण जोशी, अशोक कंडारी व भूपाल सिंह रावत शामिल रहे।
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