{"_id":"596cef4a4f1c1bf6208b47c7","slug":"151500311370-kotdwar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"खंड विकास कार्यालय नहीं कर पा रहा अपना ही विकास","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खंड विकास कार्यालय नहीं कर पा रहा अपना ही विकास
Updated Mon, 17 Jul 2017 10:43 PM IST
विज्ञापन
बैजरो। सरकारी लापरवाही के चलते खंड विकास कार्यालय बीरोंखाल पिछले पांच साल में भी बनकर तैयार नहीं हो पाया है। उसका कार्यालय जर्जर भवन में संचालित हो रहा है।
वर्ष 2012 में खंड विकास कार्यालय का भवन जर्जर होने के कारण नए भवन के निर्माण के लिए 86 लाख रुपये स्वीकृत कर इसका काम कार्यदायी संस्था आरईएस को सौंपा गया था। तब भवन के निर्माण के लिए तीन वर्ष की सीमा तय की गई थी, लेकिन लापरवाही के चलते कार्यदायी संस्था ने बीच में ही काम छोड़ दिया। वर्तमान में आलम यह है कि एक वर्ष से खंड विकास कार्यालय का काम ठप है।
ब्लाक प्रमुख कविता पोखरियाल ने आरईएस पर निर्माण कार्य में लापरवाही बरतने का आरोप लगाया। कहा कि बार-बार विभाग के अधिकारियों को शिकायत करने के बाद भी भवन का निर्माण शुरू नहीं किया जा रहा है। चेतावनी दी कि शीघ्र निर्माण कार्य शुरू नहीं होने पर विभाग के खिलाफ आंदोलन शुरू किया जाएगा।
विज्ञापन
उधर, आरईएस के सहायक अभियंता अमरीश रावत ने बताया कि ठेकेदार की लापरवाही के चलते काम पूरा नहीं हो पाया है। विभाग द्वारा ठेकेदार ब्लैक लिस्ट कर दिया गया है। शीघ्र नए ठेकेदार के साथ अनुबंध कर काम पूरा कराया जाएगा।
विज्ञापन
वर्ष 2012 में खंड विकास कार्यालय का भवन जर्जर होने के कारण नए भवन के निर्माण के लिए 86 लाख रुपये स्वीकृत कर इसका काम कार्यदायी संस्था आरईएस को सौंपा गया था। तब भवन के निर्माण के लिए तीन वर्ष की सीमा तय की गई थी, लेकिन लापरवाही के चलते कार्यदायी संस्था ने बीच में ही काम छोड़ दिया। वर्तमान में आलम यह है कि एक वर्ष से खंड विकास कार्यालय का काम ठप है।
विज्ञापन
ब्लाक प्रमुख कविता पोखरियाल ने आरईएस पर निर्माण कार्य में लापरवाही बरतने का आरोप लगाया। कहा कि बार-बार विभाग के अधिकारियों को शिकायत करने के बाद भी भवन का निर्माण शुरू नहीं किया जा रहा है। चेतावनी दी कि शीघ्र निर्माण कार्य शुरू नहीं होने पर विभाग के खिलाफ आंदोलन शुरू किया जाएगा।
विज्ञापन
उधर, आरईएस के सहायक अभियंता अमरीश रावत ने बताया कि ठेकेदार की लापरवाही के चलते काम पूरा नहीं हो पाया है। विभाग द्वारा ठेकेदार ब्लैक लिस्ट कर दिया गया है। शीघ्र नए ठेकेदार के साथ अनुबंध कर काम पूरा कराया जाएगा।