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ऊखीमठ में नहीं हो सकती केदारनाथ की पूजा
गोपेश्वर/ब्यूरो
Updated Tue, 25 Jun 2013 04:20 PM IST
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बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के पूर्व अध्यक्ष अनुसूया प्रसाद भट्ट ने कहा कि केदारनाथ में स्वयंभू भोलेनाथ हैं यहां की पूजा ऊखीमठ ओंकारेश्वर मंदिर में कैसे हो सकती है। उन्होंने कहा कि वर्तमान बीकेटीसी अध्यक्ष गणेश गोदियाल केदारनाथ के गर्भगृह में फोटो खिंचवा कर करोडों श्रद्धालुओं की आस्था को ठेस पहुंचा रहे हैं।
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मंगलवार को गोविंदघाट में आपदाग्रस्त क्षेत्रों में ग्रामीणों की कुशलक्षेम पूछने गए पूर्व अध्यक्ष भट्ट ने अमर उजाला से बातचीत में कहा कि केदारनाथ में शीतकाल में देवताओं के विचरण करने की अनुभूति होती है। केदारनाथ मंदिर पांडव कालीन है।
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केदारनाथ में पग-पग पर देवताओं के अंश आज भी मौजूद हैं। उन्होंने कहा कि आपदा के दस दिन गुजर गए लेकिन प्रशासन और मंदिर समिति ने अभी तक मंदिर के गर्भगृह, शोभा मंडप और परिसर की सफाई तक नहीं कराई।
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उन्होंने आरोप लगाया कि बीकेटीसी के अध्यक्ष प्रतिबंधित क्षेत्र मंदिर के गर्भगृह में इलेक्ट्रानिक मीडिया को ले जा कर वहां की कवरेज करा रहे हैं। जबकि मंदिर के मंडप तक भी कैमरा नहीं ले जाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार को मंदिर की दशा सुधारने के लिए त्वरित कदम उठाए जाने चाहिए।
मंदिर के गर्भगृह में शुद्धिकरण यज्ञ, संकल्प कर नियमित पूजाएं संपन्न करानी चाहिए। उन्होंने कहा कि यह समझ से परे है कि केदारनाथ की पूजा ऊखीमठ में कराई जा रही है। जबकि मंदिर और स्वयंभू लिंग केदारनाथ में आज भी मौजूद है।