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छेड़छाड़ पर की थी पंछी की हत्या
अमर उजाला ब्यूरो हरिद्वार
Updated Tue, 30 Aug 2016 11:21 PM IST
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विजय उर्फ बिज्जू उर्फ पंछी की हत्या उसी के ही दोस्त मोनू ने छोटी बहन से छेड़छाड़ करने पर अपने तीसरे दोस्त शंकर के साथ मिलकर की थी। खडख़ड़ी चौकी पुलिस के हत्थे चढ़े आरोपी मोनू उर्फ चरसी ने यह खुलासा किया है। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल हुआ लकड़ी का फट्टा भी बरामद कर लिया।
खड़खड़ी क्षेत्र में श्मशान घाट रोड पर श्रीराम धर्मशाला है। नौ अगस्त को धर्मशाला की छत पर किरायेदार विजय उर्फ बिज्जू उर्फ पंछी का खून से लथपथ शव पड़ा होने की सूचना मालकिन सावित्री देवी ने पुलिस को दी थी। घटना के बाद से ही दो किरायेदार मोनू उर्फ चरसी पुत्र प्रमोद एवं शंकर पुत्र प्रकाश गायब थे। घटनास्थल से खून से सना एक लकड़ी का एक टुकड़ा भी बरामद हुआ था। पुलिस पड़ताल में सामने आया था कि घुमंतू प्रवृति के दोस्त एक साथ ही शराब पी रहे थे। मृतक मूल रूप से दिल्ली के बाबडोला दास गार्डन रनहौता दिल्ली 43 का रहने वाला था और उसका परिवार कभी हिमालय डिपो की गली श्रवणनाथ नगर में रहता था। एक आरोपी शंकर का भी हरियाणा के गांव बलमता थाना महम जिला रोहतक का निवासी होना सामने आया था। तब से पुलिस मोनू एवं शंकर की तलाश में जुटी थी। चौकी प्रभारी विजेंद्र कुमाईं ने सोमवार देर रात चमगादड टापू के पास से आरोपी मोनू को धर दबोचा।
चौकी प्रभारी के अनुसार मोनू ने कबूला कि वह तीनों शराब पी रहे थे। इसी दौरान पेशाब करने के बहाने नीचे आया पंछी उसकी बहन से छेड़छाड़ कर रहा था। जिस पर पंछी को छत पर लाकर लकड़ी के फट्टे से उस पर वार कर अधमरा कर दिया। फिर वह और शंकर उसे मरा समझकर भाग गए। चौकी प्रभारी के अनुसार घटनास्थल के पास से ही हत्या में प्रयुक्त लकड़ी का फट्टा बरामद कर लिया। फरार चल रहे शंकर की तलाश कर रहे है।
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खड़खड़ी क्षेत्र में श्मशान घाट रोड पर श्रीराम धर्मशाला है। नौ अगस्त को धर्मशाला की छत पर किरायेदार विजय उर्फ बिज्जू उर्फ पंछी का खून से लथपथ शव पड़ा होने की सूचना मालकिन सावित्री देवी ने पुलिस को दी थी। घटना के बाद से ही दो किरायेदार मोनू उर्फ चरसी पुत्र प्रमोद एवं शंकर पुत्र प्रकाश गायब थे। घटनास्थल से खून से सना एक लकड़ी का एक टुकड़ा भी बरामद हुआ था। पुलिस पड़ताल में सामने आया था कि घुमंतू प्रवृति के दोस्त एक साथ ही शराब पी रहे थे। मृतक मूल रूप से दिल्ली के बाबडोला दास गार्डन रनहौता दिल्ली 43 का रहने वाला था और उसका परिवार कभी हिमालय डिपो की गली श्रवणनाथ नगर में रहता था। एक आरोपी शंकर का भी हरियाणा के गांव बलमता थाना महम जिला रोहतक का निवासी होना सामने आया था। तब से पुलिस मोनू एवं शंकर की तलाश में जुटी थी। चौकी प्रभारी विजेंद्र कुमाईं ने सोमवार देर रात चमगादड टापू के पास से आरोपी मोनू को धर दबोचा।
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चौकी प्रभारी के अनुसार मोनू ने कबूला कि वह तीनों शराब पी रहे थे। इसी दौरान पेशाब करने के बहाने नीचे आया पंछी उसकी बहन से छेड़छाड़ कर रहा था। जिस पर पंछी को छत पर लाकर लकड़ी के फट्टे से उस पर वार कर अधमरा कर दिया। फिर वह और शंकर उसे मरा समझकर भाग गए। चौकी प्रभारी के अनुसार घटनास्थल के पास से ही हत्या में प्रयुक्त लकड़ी का फट्टा बरामद कर लिया। फरार चल रहे शंकर की तलाश कर रहे है।
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