{"_id":"625c295b714e2f198e0c4207","slug":"last-chance-to-get-covid-aid-amount-haridwar-news-drn409288346","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोविड सहायता राशि पाने को अंतिम मौका","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कोविड सहायता राशि पाने को अंतिम मौका
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
यदि कोविड संक्रमण के कारण मृत्यु होने पर किसी परिजन ने अभी तक भी सहायता राशि लेने के लिए आवेदन नहीं किया है तो ऐसे लोगों को कोर्ट के आदेश पर अंतिम मौका दिया गया है। वह तहसील कार्यायों में अपने आवेदन जमा कर सकते हैं।
सरकार की ओर से कोरोना संक्रमण से जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को सहायता राशि के रूप में 50 हजार रुपये दिए जा रहे हैं। वित्तीय वर्ष समाप्त होने के साथ ही सहायता राशि पाने के लिए समय सीमा भी निकल गई थी। पर अब भी कुछ लोग ऐसे हैं, जिन्होंने सहायता राशि लेने के लिए आवेदन जमा नहीं कराए हैं। इन लोगों को मृत्यु के बाद निश्चित समय निकलने के बाद एक और मौका दिया गया है। कोर्ट के आदेश पर 20 मार्च 2022 से पूर्व कोविड-19 के कारण मृत्यु होने की स्थिति में 60 दिन अर्थात 22 मई 2022 तक आवेदन जमा कराए जा सकते हैं। वहीं, 22 मार्च के बाद के कोविड-19 के कारण मृत्यु होने की स्थिति में 90 दिन अर्थात 21 जून 2022 तक निर्धारित समय सीमा के भीतर सहायता प्राप्त करने के लिए आवेदन दिए जा सकते हैं।
प्रभारी जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी गोपाल राम बिनवाल ने बताया कि उसके बाद प्राप्त होने वाले आवेदनों पर कोई विचार नहीं किया जाएगा। इसके बाद किसी बहुत बड़े कारणों की वजह से आवेदन जमा नहीं कराने पर आवेदक शिकायत निवारण समिति को ही अपना आवेदन प्रस्तुत कर सकेंगे। जिसमें फिर समिति की ओर से ही सहायता राशि उपलब्ध कराने पर निर्णय लिया जाएगा। कहा कि सहायता राशि के लिए झूठा व फर्जी प्रमाण पत्र के आधार पर सहायता राशि करने वालों के खिलाफ आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005 की धारा 52 के तहत 02 वर्ष का कारावास सहित जुर्माने की कार्रवाई का सामना भी करना पड़ सकता है। ऐसे में फर्जी प्रमाण पत्रों के आधार पर सहायता राशि लेने की कोशिश न करने की चेतावनी भी दी गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सरकार की ओर से कोरोना संक्रमण से जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को सहायता राशि के रूप में 50 हजार रुपये दिए जा रहे हैं। वित्तीय वर्ष समाप्त होने के साथ ही सहायता राशि पाने के लिए समय सीमा भी निकल गई थी। पर अब भी कुछ लोग ऐसे हैं, जिन्होंने सहायता राशि लेने के लिए आवेदन जमा नहीं कराए हैं। इन लोगों को मृत्यु के बाद निश्चित समय निकलने के बाद एक और मौका दिया गया है। कोर्ट के आदेश पर 20 मार्च 2022 से पूर्व कोविड-19 के कारण मृत्यु होने की स्थिति में 60 दिन अर्थात 22 मई 2022 तक आवेदन जमा कराए जा सकते हैं। वहीं, 22 मार्च के बाद के कोविड-19 के कारण मृत्यु होने की स्थिति में 90 दिन अर्थात 21 जून 2022 तक निर्धारित समय सीमा के भीतर सहायता प्राप्त करने के लिए आवेदन दिए जा सकते हैं।
विज्ञापन
प्रभारी जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी गोपाल राम बिनवाल ने बताया कि उसके बाद प्राप्त होने वाले आवेदनों पर कोई विचार नहीं किया जाएगा। इसके बाद किसी बहुत बड़े कारणों की वजह से आवेदन जमा नहीं कराने पर आवेदक शिकायत निवारण समिति को ही अपना आवेदन प्रस्तुत कर सकेंगे। जिसमें फिर समिति की ओर से ही सहायता राशि उपलब्ध कराने पर निर्णय लिया जाएगा। कहा कि सहायता राशि के लिए झूठा व फर्जी प्रमाण पत्र के आधार पर सहायता राशि करने वालों के खिलाफ आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005 की धारा 52 के तहत 02 वर्ष का कारावास सहित जुर्माने की कार्रवाई का सामना भी करना पड़ सकता है। ऐसे में फर्जी प्रमाण पत्रों के आधार पर सहायता राशि लेने की कोशिश न करने की चेतावनी भी दी गई है।
विज्ञापन