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भक्ति तथा शक्ति के अद्वितीय संगम थे गुरू गोविन्द सिंह: ज्ञानदेव सिंह
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श्री पंचायती अखाड़ा निर्मल में गुरु गोविंद साहिब की पुण्यतिथि पर गुरुद्वारे में शब्द कीर्तन एवं
- फोटो : HARIDWAR
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श्री पंचायती अखाड़ा निर्मल में गुरु गोविंद साहिब की पुण्यतिथि सभी तेरह अखाड़ों के संत महापुरुषों की मौजूदगी में मनाई गई। इस दौरान कनखल स्थित अखाड़े के गुरुद्वारे में शब्द कीर्तन एवं अरदास कर विश्व कल्याण की कामना की गई।
श्री पंचायती अखाड़ा निर्मल के अध्यक्ष श्रीमहंत ज्ञानदेव सिंह ने कहा कि गुरु गोविंद सिंह एक दार्शनिक कवि और महान योद्धा थे। जिन्होंने धर्म की रक्षा के लिए समस्त परिवार का बलिदान दिया। गुरु गोविंद सिंह जहां विश्व की बलिदानी परंपरा में अद्वितीय थे। वहीं वह एक महान लेखक, मौलिक चिंतक और संस्कृत सहित कई भाषाओं के ज्ञानी थे। वह भक्ति और शक्ति के अद्वितीय संगम थे।
महामंडलेश्वर स्वामी हरिचेतनानंद ने कहा कि गुरु गोविंद साहब ने सदैव समाज को प्रेम एकता एवं भाईचारे का संदेश प्रदान किया। कोठारी महंत जसविंदर सिंह ने कहा कि गुरु गोविंद सिंह ने मानव मात्र को नैतिकता निडरता और आध्यात्मिक जागृति का संदेश दिया।
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अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के कार्यवाहक राष्ट्रीय अध्यक्ष महंत देवेंद्र सिंह शास्त्री ने कहा कि राष्ट्र निर्माण में अतुलनीय योगदान देने वाले गुरू गोविंद सिंह सभी के प्रेरणा स्रोत हैं। इस दौरान जयराम पीठाधीश्वर स्वामी ब्रह्म स्वरूप ब्रह्मचारी, विश्व हिंदू परिषद के दिनेश भैया, स्वामी रविपुरी मौनी बाबा, महंत अमनदीप सिंह, महंत देवेंद्र सिंह शास्त्री, महंत खेमसिंह, स्वामी रवि देव शास्त्री, महामंडलेश्वर स्वामी कृष्णानंद, कांग्रेस नेता अनुपमा रावत, पूर्व पालिका अध्यक्ष सतपाल ब्रह्मचारी, स्वामी ऋषिश्वरानंद, श्रीमहंत राम रतन गिरि, जगद्गुरु स्वामी जितेंद्रानंद सरस्वती आदि मौजूद रहे।
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श्री पंचायती अखाड़ा निर्मल के अध्यक्ष श्रीमहंत ज्ञानदेव सिंह ने कहा कि गुरु गोविंद सिंह एक दार्शनिक कवि और महान योद्धा थे। जिन्होंने धर्म की रक्षा के लिए समस्त परिवार का बलिदान दिया। गुरु गोविंद सिंह जहां विश्व की बलिदानी परंपरा में अद्वितीय थे। वहीं वह एक महान लेखक, मौलिक चिंतक और संस्कृत सहित कई भाषाओं के ज्ञानी थे। वह भक्ति और शक्ति के अद्वितीय संगम थे।
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महामंडलेश्वर स्वामी हरिचेतनानंद ने कहा कि गुरु गोविंद साहब ने सदैव समाज को प्रेम एकता एवं भाईचारे का संदेश प्रदान किया। कोठारी महंत जसविंदर सिंह ने कहा कि गुरु गोविंद सिंह ने मानव मात्र को नैतिकता निडरता और आध्यात्मिक जागृति का संदेश दिया।
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अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के कार्यवाहक राष्ट्रीय अध्यक्ष महंत देवेंद्र सिंह शास्त्री ने कहा कि राष्ट्र निर्माण में अतुलनीय योगदान देने वाले गुरू गोविंद सिंह सभी के प्रेरणा स्रोत हैं। इस दौरान जयराम पीठाधीश्वर स्वामी ब्रह्म स्वरूप ब्रह्मचारी, विश्व हिंदू परिषद के दिनेश भैया, स्वामी रविपुरी मौनी बाबा, महंत अमनदीप सिंह, महंत देवेंद्र सिंह शास्त्री, महंत खेमसिंह, स्वामी रवि देव शास्त्री, महामंडलेश्वर स्वामी कृष्णानंद, कांग्रेस नेता अनुपमा रावत, पूर्व पालिका अध्यक्ष सतपाल ब्रह्मचारी, स्वामी ऋषिश्वरानंद, श्रीमहंत राम रतन गिरि, जगद्गुरु स्वामी जितेंद्रानंद सरस्वती आदि मौजूद रहे।