{"_id":"656395de2213676e270b2014","slug":"a-proposal-has-been-prepared-by-the-uttar-pradesh-haridwar-news-c-5-1-drn1031-295648-2023-11-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Haridwar News: नहर किनारे दुर्घटनाएं रोकने के लिए लगेंगे क्रैश बैरियर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Haridwar News: नहर किनारे दुर्घटनाएं रोकने के लिए लगेंगे क्रैश बैरियर
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
I- उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग गंग नहर किनारे कराएगा काम
I
I
I
I- 03 करोड़ रुपये के बजट से 04 किलोमीटर तक लगाई जाएगी रेलिंगI
उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग की ओर से गंग नहर किनारे दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए प्रस्ताव तैयार किया गया है। करीब तीन करोड़ रुपये के बजट से चार किलोमीटर तक गंगनहर किनारे क्रैश बैरियर (धातु की रेलिंग) लगाए जाएंगे। इससे वाहनों के गंग नहर में गिरने का खतरा कम होगा।
हरिद्वार से उत्तर प्रदेश की ओर जाने वाली गंग नहर पर धनौरी के पथरी रौ पुल से तिरछे पुल तक दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। करीब चार किलोमीटर की दूरी तक नहर की दाईं पटरी पर कोई रेलिंग अथवा बैरियर नहीं है। इससे वाहन अनियंत्रित होकर नहर में गिर जाते हैं। यहां पर कई दुर्घटनाएं हो चुकी हैं। स्थानीय ग्रामीणों की ओर से कई बार नहर किनारे रेलिंग लगाई जाने की मांग की जा चुकी है।
उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग की ओर से अब नहर किनारे क्रैश बैरियर लगाने की तैयारी शुरू कर दी गई है। इसके लिए प्रस्ताव तैयार कर लखनऊ भेज दिया गया है।
Iयातायात का दबाव कम करती है पटरीI
पथरी रौ पुल से धनौरी के तिरछे पुल तक नहर की दाईं पटरी यातायात का दबाव कम करती है। हरिद्वार से आने वाले और हरियाणा की ओर से हरिद्वार जाने वाले वाहनों का ज्यादा दबाव बाईं पटरी पर रहता है। दाईं पटरी का प्रयोग स्थानीय लोग करते हैं। हरिद्वार में मेला-पर्वों के दौरान स्थानीय लोगों के लिए दाईं पटरी वरदान बनती है। साथ ही सिडकुल से आने वाले माल वाहक वाहनों के लिए भी यही पटरी उपयोग में लाई जाती है।
विज्ञापन
I
I
I
I
Iचार किलोमीटर के एरिया में पहले सीमेंट के डोला बनाने का प्रस्ताव भेजा गया था, अब इस पर धातु के क्रैश बैरियर लगाए जाएंगे। इस पर करीब तीन करोड़ रुपये का खर्च आएगा। प्रस्ताव को शीघ्र मंजूरी मिलने की उम्मीद है। लखनऊ से मंजूरी मिलते ही काम शुरू कर दिया जाएगा।
I
I
I
I- अनुज बंसल, एसडीओ, यूपी सिंचाई विभाग, हरिद्वारI
विज्ञापन
I
I
I
I- 03 करोड़ रुपये के बजट से 04 किलोमीटर तक लगाई जाएगी रेलिंगI
उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग की ओर से गंग नहर किनारे दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए प्रस्ताव तैयार किया गया है। करीब तीन करोड़ रुपये के बजट से चार किलोमीटर तक गंगनहर किनारे क्रैश बैरियर (धातु की रेलिंग) लगाए जाएंगे। इससे वाहनों के गंग नहर में गिरने का खतरा कम होगा।
हरिद्वार से उत्तर प्रदेश की ओर जाने वाली गंग नहर पर धनौरी के पथरी रौ पुल से तिरछे पुल तक दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। करीब चार किलोमीटर की दूरी तक नहर की दाईं पटरी पर कोई रेलिंग अथवा बैरियर नहीं है। इससे वाहन अनियंत्रित होकर नहर में गिर जाते हैं। यहां पर कई दुर्घटनाएं हो चुकी हैं। स्थानीय ग्रामीणों की ओर से कई बार नहर किनारे रेलिंग लगाई जाने की मांग की जा चुकी है।
विज्ञापन
उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग की ओर से अब नहर किनारे क्रैश बैरियर लगाने की तैयारी शुरू कर दी गई है। इसके लिए प्रस्ताव तैयार कर लखनऊ भेज दिया गया है।
Iयातायात का दबाव कम करती है पटरीI
पथरी रौ पुल से धनौरी के तिरछे पुल तक नहर की दाईं पटरी यातायात का दबाव कम करती है। हरिद्वार से आने वाले और हरियाणा की ओर से हरिद्वार जाने वाले वाहनों का ज्यादा दबाव बाईं पटरी पर रहता है। दाईं पटरी का प्रयोग स्थानीय लोग करते हैं। हरिद्वार में मेला-पर्वों के दौरान स्थानीय लोगों के लिए दाईं पटरी वरदान बनती है। साथ ही सिडकुल से आने वाले माल वाहक वाहनों के लिए भी यही पटरी उपयोग में लाई जाती है।
विज्ञापन
I
I
I
I
Iचार किलोमीटर के एरिया में पहले सीमेंट के डोला बनाने का प्रस्ताव भेजा गया था, अब इस पर धातु के क्रैश बैरियर लगाए जाएंगे। इस पर करीब तीन करोड़ रुपये का खर्च आएगा। प्रस्ताव को शीघ्र मंजूरी मिलने की उम्मीद है। लखनऊ से मंजूरी मिलते ही काम शुरू कर दिया जाएगा।
I
I
I
I- अनुज बंसल, एसडीओ, यूपी सिंचाई विभाग, हरिद्वारI