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नगर निगम कर्मचारियों ने आवासों का स्वरूप ही बदल दिया
Updated Tue, 12 Jun 2018 10:28 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार। भीमगोडा नई बस्ती, वाटर वर्क्स टिबड़ी तथा ज्वालापुर में बने सरकारी आवासों का नगर निगम के कर्मचारियों की ओर से स्ट्रक्चर बदलने और कुछ सरकारी आवास और जमीन बेचने तक की बात जांच में सही पाई गई है।
गंभीर आडिट आपत्तियों के बाद चेते नगर निगम प्रशासन ने आवासों व संपत्तियों की जांच में कर्मचारियों की करतूत सामने आई है। ऐसे में आवास से अतिरिक्त जमीन घेरने वाले कर्मचारियों से सर्किल रेट के हिसाब से किराये की वसूली करने की अनुशंसा की गई है। इसी नापतौल को लेकर सोमवार को टिबड़ी नगर निगम कर्मचारियों की टीम के साथ बदसलूकी हुई और उन्हें बैरंग लौटना पड़ा था। जांच में यह बात भी उजागर हुई कि वाटर वर्क्स कालोनी में कर्मचारी नगर निगम के पेड़ काटकर अवैध निर्माण कर रहे हैं। सरकारी आवासों को कोठियों में परिवर्तित कर दिया गया। यह भी पता चला कि नगर निगम के आवासों में रहते हुए भत्ता भी लिया जा रहा है।
नगर आयुक्त ऐसे कर्मचारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की बात कह चुके हैं। संपत्तियों की जांच का काम देख रहे सहायक नगर आयुक्त पीके बंसल ने सर्वे कर्मचारियों से मंगलवार को टिबड़ी में हुए विवाद की जानकारी ली। इस मामलों में राजनीतिक लोगों की गतिविधियों से नगर निगम के अधिकारी और कर्मचारी आहत हैं।
हरिद्वार। भीमगोडा नई बस्ती, वाटर वर्क्स टिबड़ी तथा ज्वालापुर में बने सरकारी आवासों का नगर निगम के कर्मचारियों की ओर से स्ट्रक्चर बदलने और कुछ सरकारी आवास और जमीन बेचने तक की बात जांच में सही पाई गई है।
गंभीर आडिट आपत्तियों के बाद चेते नगर निगम प्रशासन ने आवासों व संपत्तियों की जांच में कर्मचारियों की करतूत सामने आई है। ऐसे में आवास से अतिरिक्त जमीन घेरने वाले कर्मचारियों से सर्किल रेट के हिसाब से किराये की वसूली करने की अनुशंसा की गई है। इसी नापतौल को लेकर सोमवार को टिबड़ी नगर निगम कर्मचारियों की टीम के साथ बदसलूकी हुई और उन्हें बैरंग लौटना पड़ा था। जांच में यह बात भी उजागर हुई कि वाटर वर्क्स कालोनी में कर्मचारी नगर निगम के पेड़ काटकर अवैध निर्माण कर रहे हैं। सरकारी आवासों को कोठियों में परिवर्तित कर दिया गया। यह भी पता चला कि नगर निगम के आवासों में रहते हुए भत्ता भी लिया जा रहा है।
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नगर आयुक्त ऐसे कर्मचारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की बात कह चुके हैं। संपत्तियों की जांच का काम देख रहे सहायक नगर आयुक्त पीके बंसल ने सर्वे कर्मचारियों से मंगलवार को टिबड़ी में हुए विवाद की जानकारी ली। इस मामलों में राजनीतिक लोगों की गतिविधियों से नगर निगम के अधिकारी और कर्मचारी आहत हैं।
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