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राजकीयकरण को अब आर-पार की जंग
ब्यूरो/अमर उजाला, चंपावत
Updated Wed, 28 Oct 2015 10:48 PM IST
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उत्तराखंड पेयजल निगम में बृहस्पतिवार को काम ठप रहेगा। निगम अधिकारी-कर्मचारी समन्वय समिति राजकीयकरण सहित कई मांगों को लेकर लंबे समय से आंदोलन करते रहे हैं। बृहस्पतिवार को प्रदेशभर के पेयजल निगम कर्मी देहरादून में रैली में हिस्सा लेंगे। रैली के लिए यहां से तमाम इंजीनियर और दूसरे कर्मी बुधवार को रवाना हो गए हैं।
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जिला सह संयोजक बीसी जोशी का कहना है कि 29 अक्तूबर को पेयजल निगम के प्रदेशभर के कर्मी-अधिकारी परेड ग्राउंड से सचिवालय तक रैली निकालेंगे। रवाना होने से पूर्व हुई सभा में कर्मियों ने सरकार पर उपेक्षा का आरोप लगाया। कहा कि निगम को निर्माण कार्य के आधार पर ही वेतन मिलता है, लेकिन पेयजल निगम और उसकी निर्माण संस्था (सीएनडीएस) को बेहद कम काम दिया जा रहा है। यहां तक कि इस्टीमेट बनाने के बाद भी काम छीना जा रहा है। जिस कारण उन्हें वेतन के लिए जूझना पड़ रहा है।
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संगठन ने हिमाचल प्रदेश, जम्मू कश्मीर में पब्लिक हेल्थ इंजीनियरिंग विभाग की तर्ज पर यहां भी पेयजल निगम कर्मियों का ढांचा बनाने, काम के बेहतर अवसर देने की मांग की। रवाना होने वालों में इंजीनियर आरके गुप्ता, अशोक कुमार स्वरूप, कवींद्र बिष्ट, अनिल कुमार, ज्योति रावत, विजेंद्र सुयाल, अजय कुमार, ललित गौड़, पीपी पंत, जसपाल बोरा, बृजेश वल्दिया, सोबन सिंह, बृजमोहन जोशी, कमलेश उप्रेती, लक्ष्मी दत्त नरियाल, रुकमणि देवी, कलावती, चनी देवी, भागीरथी आदि शामिल हैं।
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