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आदर्श स्कूल में छात्राओं से निकल रहा शिक्षिकाओं का मानदेय

Thu, 26 Oct 2017 10:54 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंपावत।  
ब्यूरो/अमर उजाला, चंपावत।   Updated Thu, 26 Oct 2017 10:54 PM IST
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नाम टनकपुर राजकीय बालिका इंटर कॉलेज (जीजीआईसी), दर्जा आदर्श विद्यालय का। ओहदा चंपावत विकासखंड का इकलौता जीजीआईसी है, जिसे आदर्श विद्यालय बनाया गया है, मगर यहां छात्राओं को पढ़ाने के लिए प्रवक्ताओं की भारी कमी है। प्रवक्ताओं के 70 प्रतिशत पद रिक्त हैं। एलटी में भी अध्यापिकाएं विषयवार अपर्याप्त हैं। हाल इस कदर खराब हैं कि शिक्षिकाओं की कमी से होने वाले नुकसान की भरपाई के लिए अभिभावक संघ द्वारा रखी गई शिक्षिकाओं के मानदेय की व्यवस्था भी छात्राओं को करनी पड़ रही है।
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टनकपुर जीजीआईसी तो आदर्श स्कूल बनाने के बावजूद शिक्षिकाओं के लिए तरस रहा है। यहां प्रवक्ताओं के 10 पदों में से महज तीन विषय (हिंदी, अंग्रेजी और रसायन विज्ञान) के पद ही भरे गए हैं। शेष 7 विषयों (भौतिक विज्ञान, जीव विज्ञान, गणित, गृह विज्ञान, राजनीति विज्ञान, अर्थशास्त्र और संस्कृत) को पढ़ाने के लिए कोई नहीं है। विज्ञान संकाय से लेकर अन्य विषयों को पढ़ाने के लिए प्रवक्ता नहीं होने से छात्राओं को परेशानी झेलनी पड़ रही है।
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एलटी शिक्षिकाओं के पदों के हाल भी खराब हैं। 16 पदों के सापेक्ष महज 10 शिक्षिकाएं हैं। सितंबर महीने से 6 अतिथि शिक्षिकाओं की तैनाती हुई है। अभिभावक-शिक्षक संघ (पीटीए) अध्यक्ष सुनील सक्सेना का कहना है कि शिक्षिकाओं की कमी के चलते अभिभावक संघ कोष से एक प्रवक्ता और पांच एलटी शिक्षिकाएं रखी गई है। इसके लिए छात्राओं से हर माह मामूली रकम ली जाती है। 
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छात्राओं की संख्या भी कम हुई
स्टाफ और सुविधाओं की कमी का असर जीजीआईसी की छात्राओं की संख्या पर भी पड़ रहा है। वर्तमान में 1046 छात्राएं पढ़ रही हैं, जबकि पिछले साल 1148 छात्राएं थीं। स्कूल में न फर्नीचर पर्याप्त है न अन्य व्यवस्थाएं। महज 345 छात्राओं के लिए फर्नीचर है। शेष छात्राएं फर्श पर बैठकर पढ़ाई करतीं हैं।

यहां तो स्वच्छ भारत अभियान भी बेअसर
आदर्श जीजीआईसी में स्वच्छ भारत अभियान भी बेअसर है। यहां न केवल शौचालय पुराने हैं, बल्कि खराब हाल में भी है, यहां सफाई कर्मी भी नहीं है। अलबत्ता अभिभावक संघ एक हजार रुपये महीने में स्वच्छक रखकर सफाई का प्रबंध कर रहा है।


जीजीआईसी में शिक्षिकाओं की जबर्दस्त कमी है। सबसे ज्यादा परेशानी इंटर की कक्षाओं के संचालन में हो रही है। छात्राओं से हर माह 20 रुपये लेकर 6 शिक्षिकाओं को अभिभावक संघ के माध्यम से रखा गया है। इन शिक्षिकाओं को 3000 से 3500 रुपये महीना मानदेय दिया जा रहा है।  -अनुराधा दुबे, प्रधानाचार्या, जीजीआईसी, टनकपुर।

जिले के आदर्श जीजीआईसी प्रवक्ताओं के सृजित पद तैनाती एलटी शिक्षिकाएं तैनाती
स्कूल        प्रवक्ता  रिक्तियां  एलटी  रिक्तियां
टनकपुर     10       7       16     6
लोहाघाट    10       7       14    12
खेतीखान   10       2         9     9
चमदेवल    9        7        7      7
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