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टनकपुरजौलजीबी रोड निर्माण की सुस्त गति पर शासन ने बैठाई जांच
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अनु सचिव दिनेश पुनेठा और मुख्य अभियंता एपी जोशी की अगुवाई में निर्माणाधीन टनकपुर-जौलजीवी रोड का ?
- फोटो : TANAKPUR
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टनकपुर (चंपावत)। टनकपुर-जौलजीबी सड़क निर्माण की सुस्त गति को शासन ने गंभीरता से लेते हुए जांच बैठा दी है। जांच के बाद ही कार्यदायी ठेकेदार कंपनी के टर्मिनेशन या फिर कार्य अवधि बढ़ाए जाने पर विचार होगा। अनुसचिव की अध्यक्षता में गठित टीम ने देहरादून से आकर शनिवार को निर्माण कार्य का स्थलीय निरीक्षण कर कार्य प्रगति का जयाजा लिया।
इस सड़क का निर्माण पीआईयू (परियोजना क्रियान्वयन इकाई) की देखरेख में हो रहा है। ठुलीगाड़ से चूका तक 17.8 किमी. हिस्से का निर्माण करीब 67 करोड़ रुपये की लागत से आरजीबी विल्डवेल कंपनी को मिला है। लेकिन कंपनी अनुबंध की शर्त के मुताबिक तय समय में काम पूरा नहीं कर पाई है। कंपनी को सड़क के इस हिस्से का निर्माण 29 जून 2018 को पूरा करना था। इसके बाद कार्य पूरा करने के लिए कंपनी दो बार समय एक्सटेंशन ले चुकी है।
अंतिम बार कंपनी को 29 जून 2019 तक का समय दिया था, लेकिन फिर भी निर्माण पूरा नहीं होने पर विभाग ने गत 19 जून को कंपनी को टर्मिनेशन देकर जवाब मांगा था। इधर कार्य की सुस्त गति को शासन ने गंभीरता से लेते हुए जांच के लिए राज्य सचिवालय के अनु सचिव (अनुभाग-3) दिनेश पुनेठा के नेतृत्व में टीम गठित की है। शनिवार को देेहरादून से आई टीम ने सड़क निर्माण कार्य का स्थलीय निरीक्षण कर जरूरी जानकारी ली है। अनुसचिव पुनेठा ने बताया कि जांच रिपोर्ट जल्द शासन को सौंपी जाएगी। टीम में सचिवालय के अनुभाग अधिकारी ललित भट्ट, पीआईयू के मुख्य अभियंता एपी जोशी, एसई हरीश पांगती भी शामिल थे।
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इस सड़क का निर्माण पीआईयू (परियोजना क्रियान्वयन इकाई) की देखरेख में हो रहा है। ठुलीगाड़ से चूका तक 17.8 किमी. हिस्से का निर्माण करीब 67 करोड़ रुपये की लागत से आरजीबी विल्डवेल कंपनी को मिला है। लेकिन कंपनी अनुबंध की शर्त के मुताबिक तय समय में काम पूरा नहीं कर पाई है। कंपनी को सड़क के इस हिस्से का निर्माण 29 जून 2018 को पूरा करना था। इसके बाद कार्य पूरा करने के लिए कंपनी दो बार समय एक्सटेंशन ले चुकी है।
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अंतिम बार कंपनी को 29 जून 2019 तक का समय दिया था, लेकिन फिर भी निर्माण पूरा नहीं होने पर विभाग ने गत 19 जून को कंपनी को टर्मिनेशन देकर जवाब मांगा था। इधर कार्य की सुस्त गति को शासन ने गंभीरता से लेते हुए जांच के लिए राज्य सचिवालय के अनु सचिव (अनुभाग-3) दिनेश पुनेठा के नेतृत्व में टीम गठित की है। शनिवार को देेहरादून से आई टीम ने सड़क निर्माण कार्य का स्थलीय निरीक्षण कर जरूरी जानकारी ली है। अनुसचिव पुनेठा ने बताया कि जांच रिपोर्ट जल्द शासन को सौंपी जाएगी। टीम में सचिवालय के अनुभाग अधिकारी ललित भट्ट, पीआईयू के मुख्य अभियंता एपी जोशी, एसई हरीश पांगती भी शामिल थे।
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