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पग घुघंरू बांध मीरा नाची रे, गिरधर की मुरलिया बाजी रे
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लोहाघाट में सुई गांव में पौध माघ के प्रथम रविवार की रात को बैठकी होली में क्षेत्र के होत्यारों ने ?
- फोटो : LOHAGHAT
लोहाघाट (चंपावत)। विकासखंड के सुई चौबे गांव में पौष माघ के प्रथम रविवार को देर रात्रि तक होल्यारों ने भगवती जागरण समिति के बैनर तले बैठकी होली गायन में रंग जमाया। नन्हें बच्चों के अलावा बैठकी होली की महफिल में युवा और बुजुर्गों ने अपने फन का जलवा बिखेरा।
भगवती जागरण समिति के अध्यक्ष रंगकर्मी और होल्यार राजेश चौबे के आवास पर बुजुर्ग परमानंद चौबे ने राग काफी में गणपति वंदना से होली की शुरूआत की। होल्यार उर्वादत्त चौबे ने देवाधिदेव भगवान शंकर की वंदना पेश की। कैलाश चौबे ने पहाड़ी कहरवा चलो मन गंगा यमुना के तीर और आयोजक गिरीश चौबे ने तीन ताल में पग घुंघरू बांध मीरा नाची रे, गिरधर की मुरलिया बाजी रे गाकर श्रोताओं को झूमने पर मजबूर कर दिया।
इसके अलावा गिरीश चौबे ने तीन ताल में जय दुर्गे गुर्गति परिहारिणी, अंकिता चौबे, दिया चौबे, अभिषेक सौरभ, चिराग और दीपा चौबे ने भजन जटा विषधारी शंकरा होहो तेरे गले में नागों की माला और मेरा श्याम है रंग रंगीला कि अमृत बरसेगा और श्याम सपनों में आता क्यों नहीं गाकर महफिल में रंग भर दिया। इस मौके पर गणेश चौबे, गोविंद चौबे, केदार दत्त, संतोष चौबे, हेम चौबे, केशव दत्त आदि मौजूद रहे।
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भगवती जागरण समिति के अध्यक्ष रंगकर्मी और होल्यार राजेश चौबे के आवास पर बुजुर्ग परमानंद चौबे ने राग काफी में गणपति वंदना से होली की शुरूआत की। होल्यार उर्वादत्त चौबे ने देवाधिदेव भगवान शंकर की वंदना पेश की। कैलाश चौबे ने पहाड़ी कहरवा चलो मन गंगा यमुना के तीर और आयोजक गिरीश चौबे ने तीन ताल में पग घुंघरू बांध मीरा नाची रे, गिरधर की मुरलिया बाजी रे गाकर श्रोताओं को झूमने पर मजबूर कर दिया।
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इसके अलावा गिरीश चौबे ने तीन ताल में जय दुर्गे गुर्गति परिहारिणी, अंकिता चौबे, दिया चौबे, अभिषेक सौरभ, चिराग और दीपा चौबे ने भजन जटा विषधारी शंकरा होहो तेरे गले में नागों की माला और मेरा श्याम है रंग रंगीला कि अमृत बरसेगा और श्याम सपनों में आता क्यों नहीं गाकर महफिल में रंग भर दिया। इस मौके पर गणेश चौबे, गोविंद चौबे, केदार दत्त, संतोष चौबे, हेम चौबे, केशव दत्त आदि मौजूद रहे।
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