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पिछले 62 साल में एक बार भी मरम्मत नहीं हुई
Sun, 30 Dec 2018 11:49 PM IST
kamlesh kamlesh
ब्यूरो/अमर उजाला, चंपावत।
ब्यूरो/अमर उजाला, चंपावत।
Published by: kamlesh kamlesh
Updated Sun, 30 Dec 2018 11:49 PM IST
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टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर चल्थी में बना छह दशक पुराना पुल।
- फोटो : अमर उजाला
मुख्यालय से 40 किलोमीटर दूर राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित चल्थी पुल की अब तक मरम्मत नहीं हुई है। टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित इस पुल का पूरा भार उसके ऊपरी (धनुष आकार वाले ढांचे पर) हिस्से पर है।
लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता डीडी भट्ट के मुताबिक यह पुल 1956 में बना था। 110 मीटर लंबे और करीब 12 फीट चौड़े इस पुल से एक समय में एक ही वाहन गुजर सकता है। रोजाना एक हजार से अधिक छोटे-बड़े वाहनों की आवाजाही इस पुल से होती है। एक बार जरूर इसमें रंग-रोगन किया गया था। पुल अब भी मजबूत हैं और आवाजाही के लिए पूरी तरह सुरक्षित है।
यहां अधिक चौड़ाई वाले 144 मीटर लंबे पुल का निर्माण प्रस्तावित किया गया था। अधिशासी अभियंता ने बताया कि इस पुल में सीमा सड़क संगठन और काम कराने वाले ठेकेदार के बीच विवाद हो गया था। यह मामला कोर्ट में है और कई वर्षों से काम भी रुका है।
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लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता डीडी भट्ट के मुताबिक यह पुल 1956 में बना था। 110 मीटर लंबे और करीब 12 फीट चौड़े इस पुल से एक समय में एक ही वाहन गुजर सकता है। रोजाना एक हजार से अधिक छोटे-बड़े वाहनों की आवाजाही इस पुल से होती है। एक बार जरूर इसमें रंग-रोगन किया गया था। पुल अब भी मजबूत हैं और आवाजाही के लिए पूरी तरह सुरक्षित है।
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यहां अधिक चौड़ाई वाले 144 मीटर लंबे पुल का निर्माण प्रस्तावित किया गया था। अधिशासी अभियंता ने बताया कि इस पुल में सीमा सड़क संगठन और काम कराने वाले ठेकेदार के बीच विवाद हो गया था। यह मामला कोर्ट में है और कई वर्षों से काम भी रुका है।
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