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Champawat News: वन रैंक वन पेंशन के लिए पूर्व सैनिकों ने निकाला जुलूस

Mon, 03 Apr 2023 11:22 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत Updated Mon, 03 Apr 2023 11:22 PM IST
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Ex-servicemen took out a procession
चंपावत/लोहाघाट। केंद्र सरकार की ओर से निर्धारित की गई वन रैंक वन पेंशन, एमएसपी, विकलांग पेंशन और पारिवारिक पेंशन की विसंगतियों को दूर करने की मांग को लेकर सोमवार को पूर्व सैनिकों ने जुलूस निकाला। उन्होंने विसंगतियां दूर न होने पर विरोध जताते हुए सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और डीएम के माध्यम से राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और रक्षा मंत्री को ज्ञापन भेजा।
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चंपावत टाइगर्स संगठन अध्यक्ष बीडी जोशी के नेतृत्व में दिए गए ज्ञापन में वन रैंक-वन पेंशन की विसंगतियों को संशोधित किए जाने की मांग की गई। ज्ञापन देने वालों में भैरव सिंह मेहरा, रेवाधर भट्ट, दयाल सिंह फर्त्याल, सुंदर सिंह देव, कै.भैरव सिंह, कै. विक्रम सिंह, नंदाबल्लभ, इंद्र सिंह, हरक सिंह, आनंद सिंह, सुंदर सिंह, रमेश सिंह, रमेश मनराल, गिरीश चंद्र, तारा दत्त राय आदि शामिल रहे।
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लोहाघाट में सोमवार को पूर्व सैनिक लीग के जिलाध्यक्ष कै.आरएस देव के नेतृत्व में पूर्व सैनिकों ने सैनिक विश्राम गृह से स्टेशन बाजार, खड़ी बाजार, मीनाबाजार होते हुए एसडीएम कोर्ट तक जुलूस निकाला। पूर्व सैनिकों का कहना था कि सरकार की ओर से वन रैंक वन पेंशन भाग दो (ओआरओपी) में सैनिक से लेकर जेसीओ रैंक एवं ऑनररी लेफ्टिनेंट, ऑनररी कैप्टन की पेंशन में बढ़ोतरी करने की बजाय उनकी पेंशन कम कर दी गई है जिससे पेंशनरों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है।
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कहा केंद्र सरकार ने 10 वर्ष के अंतराल में दो बार पूर्व सैनिकों, वीर नारी पेंशनरों की पेंशन पांच वर्ष में बढ़ोतरी करने की मंजूरी दी थी जिसे एक जुलाई 2014 से लागू किया गया था। 30 जून 2019 को पांच वर्ष पूरे होने के बावजूद इसे 01 जनवरी 2023 से लागू किया गया। इस संशोधित ओआरओपी टू में बढ़ोतरी होने के बजाय सिपाही रैंक से लेकर जेसीओ, ऑनररी लेफ्टिनेंट, ऑनररी कैप्टन तक के पूर्व सैनिकों की पेंशन को पहले से कम कर दिया है जिससे पूर्व सैनिकों में रोष व्याप्त है।


इस मौके पर संगठन के उपाध्यक्ष कै. रघुवीर सिंह बोहरा, सचिव कै.हयात सिंह बिष्ट, कोषाध्यक्ष हवलदार हयात सिंह रावत, कै.गणेश सिंह बोहरा, कै. इंदर सिंह देउपा, कै. जीत सिंह अधिकारी, कै. एनके पुनेठा, सूबेदार मेजर सीबी बिष्ट, सूबेदार धनश्याम, सूबेदार पूरन सिंह कुंवर, सूबेदार गिरीश पांडेय, हवलदार गिरीश सिंह आदि मौजूद थे।


टनकपुर में गौरव सेनानी कल्याण समिति के आह्वान पर सोमवार को तहसील में एकत्र हुए पूर्व सैनिकों ने एसडीएम सुंदर सिंह को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में कहा गया है कि वन रैंक वन पेेंशन के द्वितीय संशोधन में भारी विसंगतियां है जिसे लेकर पूर्व सैनिकों में रोष बना हुआ है। ज्ञापन देने वालों में समिति अध्यक्ष कै. भानी चंद, कै. चंद्रशेखर गहतोड़ी, कै. हरीश चंद्र कापड़ी, कै. भरत चंद देउपा, कै. हयात सिंह, कै. एचडी भट्ट, कै. अमर सिंह, सूबेदार कृष्णानंद, पुष्कर कापड़ी समेत पूर्व सैनिक शामिल थे।





वन रैंक वन पेंशन भाग दो में सिपाही से लेकर ऑनररी कैप्टन रैंक के पूर्व फौजियों की पेंशन को कम कर दिया गया है जबकि अधिकारी वर्ग की पेंशन में बढ़ोतरी की गई है। साथ ही मिलिट्री सर्विस पे (एमएसपी), विकलांग पेंशन में भी सिपाही रैंक के साथ भेदभाव किया है, जो सरासर गलत है। सभी रैंकों को एक समान पेंशन व अन्य सुविधाओं का लाभ मिलना चाहिए।
- कै. राजेंद्र सिंह देव, अध्यक्ष पूर्व सैनिक लीग

वर्ष 2014 में सेना के जवानों व अधिकारियों की पेंशन बेसिक पे को 2.57 रुपये से गुणा कर निर्धारित की गई थी। लेकिन वन रैंक वन पेंशन पार्ट टू में सिपाही से लेकर ऑननरी कैप्टन तक के पूर्व सैनिकों की पेंशन में कोई बढ़ोतरी नहीं गई, जबकि अधिकारी वर्ग को 2.81 रुपये से दिया गया। जिससे पूर्व सैनिकों का मनोबल कमजोर हुआ है।
- कै. रघुवीर सिंह बोहरा

सरकार ने वन रैंक वन पेंशन भाग दो जो लागू की है, उसमें बहुत खामियां हैं। ओआरओपी भाग दो में अधिकारियों ने मनमानी कर अपनी पेंशन बढ़ा ली, लेकिन सैनिक से लेकर ऑनरी कैप्टन रैंक तक के पूर्व सैनिकों की उपेक्षा की है। जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। वेतन विसंगतियों को दूर करने के लिए संघर्ष लगातार जारी रहेगा।

- कै. अजय उप्रेती

वन रैंक वन पेंशन भाग दो में जिस प्रकार सैनिकों की उपेक्षा की गई है, उसका खामियाजा सरकार को भुगतना पड़ेगा। जान की बाजी लगाकर देश की सीमाओं की रक्षा करने के बाद रिटायर होकर घर आने वाले पूर्व सैनिकों का सहारा एक मात्र पेंशन होता है। उसमें भी भेदभाव किया जाना दुर्भाग्यपूर्ण है।
- हवलदार हयात सिंह रावत
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