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नौ साल बाद भी नहीं बनी सिप्टी-अमकड़िया रोड
ब्यूराे/अमर उजाला, चंपावत
Updated Thu, 05 May 2016 10:44 PM IST
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चंपावत में सड़क की मांग
- फोटो : अमर उजाला
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चंपावत। सिप्टी-अमकड़िया मोटर मार्ग बनने का इंतजार करते-करते थक चुकी सिप्टी घाटी की महिलाओं और बच्चों ने बृहस्पतिवार को गांव में प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के बाद प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी के माध्यम से राज्यपाल को ज्ञापन भेजा।
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क्वैराला घाटी की सिप्टी-अमकड़िया सड़क निर्माण को लेकर गांव के लोग वर्षों से आवाज उठाते रहे हैं। करीब 10 किलोमीटर लंबी इस रोड के बनने से यहां के कई गांवों की हजारों की आबादी को लाभ मिलेगा। चुनाव बहिष्कार की चेतावनी के बाद पिछले विधानसभा चुनाव से पूर्व प्रशासन ने रोड का जल्द निर्माण कराने का आश्वासन दिया था।
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यह रोड 9 साल पहले प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना से स्वीकृत हो चुकी है, लेकिन अब तक इसमें काम शुरू होना तो दूर, अड़चनें तक दूर नहीं हो सकी है। पीएलवी डा.प्रकाश जोशी शूल के नेतृत्व में शिवराज सिंह, लक्ष्मण सिंह, चतुर सिंह, हरीश भट्ट, गिरीश चंद्र, गंगा सिंह, विक्रम सिंह, नारायण दत्त, मनोरथ भट्ट, कुंदन सिंह, लाल सिंह आदि ने प्रदर्शन किया।
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बाद में पीएलवी डा.शूल ने जिलाधिकारी को ज्ञापन दिया। डीएम दीपेंद्र कुमार चौधरी ने रोड की अड़चनों को जल्द दूर कराने की बात कही। पीएमजीएसवाई डिवीजन के अधिशासी अभियंता डीडी भट्ट ने बताया कि सिप्टी-अमकड़िया मोटर मार्ग की सभी कमियों एवं अड़चनों को दूर कर लिया गया है। वन पत्रावली नोडल कार्यालय देहरादून से क्लीयर होते ही काम शुरू हो जाएगा।
चंपावत। बालातड़ी ग्राम पंचायत के लोग आजादी के 68 साल बाद भी रोड के लिए तरस रहे हैं। अब यहां के लोगों ने रोड का काम शुरू नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। ग्राम प्रधान हरीश चंद्र भट्ट का कहना है कि जल्द सड़क का काम शुरू नहीं किए जाने पर आगामी विधानसभा चुनाव में रोड नहीं, तो वोट नहीं का नारा देते हुए चुनाव बहिष्कार किया जाएगा। रोड नहीं होने से ग्रामीणों को 12 किलोमीटर पैदल चलकर आना पड़ता है।