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अब वन विभाग की टीम करेगी खाल तस्करी की जांच
Updated Sat, 30 Jun 2018 11:16 PM IST
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चंपावत। तेंदुओं की पांच खालों के साथ पकड़े गए दो तस्करों के मामले की जांच अब वन विभाग की टीम करेगी। मालूम हो कि बनबसा पुलिस ने बीते 10 जून को मुख्य तस्कर के रूप में आईटीबीपी कर्मचारी कमल सिंह और एक अन्य अभियुक्त पुष्कर सिंह को हिरासत में लिया था। एक आरोपी फरार हो गया था, जिसकी पुलिस आज भी तलाश कर रही है।
पुलिस अधीक्षक धीरेंद्र गुंज्याल ने बताया कि मुख्य तस्कर के रूप में चिह्नित किया गया आईटीबीपी कर्मी कमल सिंह मूल रूप से कटियानी झूलाघाट जिला पिथौरागढ़ का निवासी है। पूछताछ में पता चला था कि इन पांचों तेंदुओं को बीते डेढ़ साल के दौरान नेपाल सीमा से लगे झूलाघाट और अस्कोट के जंगलों में मारा गया था। फरार आरोपी समेत तीनों के खिलाफ वन्य जीव जंतु संरक्षण अधिनियम के तहत धारा 9/39/51 में मामला पंजीकृत किया गया है। एसपी के अनुसार आईटीबीपी कर्मी तस्करी में पकड़े जाने से पहले पिथौरागढ़ जिले के जाजरदेवल में तैनात था। आरोपी के नाम पर पर बंदूक का लाइसेंस है तथा उसकी सक्रियता पिथौरागढ़ जिले के सीमांत झूलाघाट, अस्कोट के जंगलों में रही है। इसके मद्देनजर जांच वन विभाग को सौंपी गई है।
एफआरआई भेजी गई तेंदुए की खालें
चंपावत। तस्करों से बरामद चार वयस्क तेंदुए और एक तेंदुए के बच्चे की खालों को परीक्षण के लिए वन अनुसंधान संस्थान (एफआरआई) देहरादून भेजा गया है। एसपी के अनुसार बरामद खालें नर की है या मादा की इसके परीक्षण के लिए खालों को एफआरआई भेजा गया है।
पुलिस अधीक्षक धीरेंद्र गुंज्याल ने बताया कि मुख्य तस्कर के रूप में चिह्नित किया गया आईटीबीपी कर्मी कमल सिंह मूल रूप से कटियानी झूलाघाट जिला पिथौरागढ़ का निवासी है। पूछताछ में पता चला था कि इन पांचों तेंदुओं को बीते डेढ़ साल के दौरान नेपाल सीमा से लगे झूलाघाट और अस्कोट के जंगलों में मारा गया था। फरार आरोपी समेत तीनों के खिलाफ वन्य जीव जंतु संरक्षण अधिनियम के तहत धारा 9/39/51 में मामला पंजीकृत किया गया है। एसपी के अनुसार आईटीबीपी कर्मी तस्करी में पकड़े जाने से पहले पिथौरागढ़ जिले के जाजरदेवल में तैनात था। आरोपी के नाम पर पर बंदूक का लाइसेंस है तथा उसकी सक्रियता पिथौरागढ़ जिले के सीमांत झूलाघाट, अस्कोट के जंगलों में रही है। इसके मद्देनजर जांच वन विभाग को सौंपी गई है।
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एफआरआई भेजी गई तेंदुए की खालें
चंपावत। तस्करों से बरामद चार वयस्क तेंदुए और एक तेंदुए के बच्चे की खालों को परीक्षण के लिए वन अनुसंधान संस्थान (एफआरआई) देहरादून भेजा गया है। एसपी के अनुसार बरामद खालें नर की है या मादा की इसके परीक्षण के लिए खालों को एफआरआई भेजा गया है।
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