फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Champawat News ›   Champawat water crisis

एक-एक घंटे तक कर रहे टैंकर का इंतजार

Thu, 28 Apr 2016 11:55 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, चंपावत।
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, चंपावत। Updated Thu, 28 Apr 2016 11:55 PM IST
विज्ञापन
Champawat water crisis
चंपावत में पेयजल संकट - फोटो : अमर उजाला

चंपावत। जिला मुख्यालय में पानी का संकट दिन-पर-दिन उफान पर है। टैंकरों के सहारे पेयजल सप्लाई की जा रही है। मगर इसके लिए भी लोगों को लंबा सब्र करना पड़ रहा है। पेयजल संकट ने लोगों की दिनचर्या को बुरी तरह प्रभावित किया है। चंपावत में पानी के संकट को कम करने के लिए रोस्टर बनाया गया। टुल्लू पंप के उपयोग को रोकने के लिए पेयजल आपूर्ति के वक्त पावर कट करने की कोशिश चल रही है, मगर ये कवायद भी संकट को कम नहीं कर पा रही है।

विज्ञापन


लोगों को टैंकर और पिकअप का सहारा लेना पड़ रहा है पर इनके लिए लंबी लाइन लगाकर इंतजार करना लोगों की मजबूरी बन रहा है। जल संस्थान के जूनियर इंजीनियर एसएस थापा का कहना है कि पेयजल स्रोत में गिरावट लगातार बढ़ रही है। स्रोतों से अब तीन लाख लीटर पानी भी नहीं मिल पा रहा है, जबकि जरूरत 16 लाख से ज्यादा की है। पानी की भरपाई के लिए लगातार टैंकर और पिकअप का सहारा लिया जा रहा है। इन वाहनों के फेरों की संख्या भी बढ़ाकर 13 तक कर दी गई है।
विज्ञापन


चंपावत। पेयजल संकट से निपटने को शासन ने बड़ा फैसला लिया है। फौरी राहत के तौर पर मांडेक्स हैंडपंप लगाए जाएंगे। राज्यपाल कार्यालय से इस प्रस्ताव को अनुमोदन मिल चुका है। डीएम दीपेंद्र कुमार चौधरी ने बताया कि शासन ने चंपावत, लोहाघाट के संकटग्रस्त इलाकों में मांडेक्स हैंडपंप लगाने का निर्णय लिया है। इस अनुमोदन के बाद जल संस्थान को तत्काल सर्वे कर हैंडपंप लगाने के निर्देश दिए गए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


लोगों की परेशानी को दूर करने के लिए जितने हैंडपंप जरूरी होंगे, लगाए जाएंगे। जल संस्थान चंपावत डिवीजन के अधिशासी अभियंता पीसी करगेती का कहना है कि पानी की भूगर्भीय उपलब्धता का सर्वे कर हैंडपंप लगाए जाएंगे। दूरगामी कदम के मद्देनजर चंपावत पुनर्गठन पेयजल योजना सहित अन्य पेयजल स्कीमों के काम में तेजी लाई जाएगी।

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed