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होम आइसोलेट संक्रमितों के मददगार बने अनिल

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Tue, 04 May 2021 11:55 PM IST
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Anil became helpful to home isolates
चंपावत। कोरोना की दूसरी लहर के खौफ के बीच अपनी जान की फ्रिक किए बिना युवा सामाजिक कार्यकर्ता अनिल चौधरी आगे आ रहे हैं। जिले के मैदानी क्षेत्र टनकपुर में वह होम आइसोलेट हुए जरूरतमंद कोरोना संक्रमितों को दवा, भोजन से लेकर दूसरी मदद पहुंचा रहे हैं। तबियत बिगड़ने पर ऐसे लोगों के लिए हायर सेंटर में बेड की उपलब्धता का पता लगा रहे हैं। बीते दो सप्ताह से वे इन कामों में हर रोज तीन से पांच घंटे तक का वक्त दे रहे हैं। अब तक 11 संक्रमितों की मदद कर चुके हैं।
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वहीं टनकपुर स्टेडियम में बनाए गए कोविड केयर सेंटर में हंस फाउंडेशन के उत्तराखंड प्रभारी प्रदमेंद्र सिंह बिष्ट के माध्यम से 50 बेड और टेबल फैन की व्यवस्था की गई है। हंस फाउंडेशन से जुड़े सामाजिक कार्यकर्ता अनिल चौधरी कहते हैं कि टनकपुर के एसडीएम हिमांशु कफल्टिया के प्रोत्साहन से कई और लोग भी सहयोग को आगे आ रहे हैं। उनका कहना है कि इस वक्त मदद के साथ लोगों के डर को दूर कर हिम्मत बढ़ाना जरूरी है, इसीलिए ये पहल की जा रही है। साथ ही लोगों को ठीक तरह से मास्क पहनने, दो गज की दूरी सहित अन्य जरूरी सावधानी बरते जाने के लिए जागरूक करने पर भी जोर दिया जा रहा है।
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फोटो 04 सीपीटी 01पी (सिंगल)
कोरोना को हराने के लिए संक्रमितों में जोश भर रहे हैं हेम बहुगुणा
लोहाघाट (चंपावत)। राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम चंपावत के मनो सामाजिक कार्यकर्ता हेम बहुगुणा कोरोना काल में उल्लेखनीय सेवाएं दे रहे हैं। बहुगुणा कोरोना संक्रमित लोगों की काउंसलिंग कर उनमें कोरोना को हराने के लिए जोश भर रहे हैं। हेम ने विगत वर्ष 23 मार्च से ही जगबूड़ा पुल से वालिक और रीठासाहिब से घाट बैरियर तक करीब 5000 से अधिक प्रवासियों एवं यात्रियों को सलाह देकर महामारी की दहशत से उबरने में मदद की है। कोरोना की दूसरी लहर में लोहाघाट एवं बाराकोट विकासखंड का आरटीपीसीआर डेटा मैनेजमेंट के साथ होम आइसोलेशन में रह रहे पॉजेटिव लोगों को परामर्श दे रहे हैं। साथ ही स्थानीय प्रशासन के साथ समन्वय बनाते हुए समय पर सूचनाओं का आदान प्रदान कर रहे हैं। हेम का कहना है कि कोरोना यद्यपि वायरस जनित बीमारी है, लेकिन इसके मनोसामाजिक प्रभाव भी कम घातक नहीं हैं। (संवाद)
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