महिला समाख्या में मामलों के निस्तारण की गति धीमी

Champawat Updated Sun, 25 Nov 2012 12:00 PM IST
चंपावत। घरेलू हिंसा और विवादों को रोकने के लिए गठित महिला समाख्या की चंपावत जिले में गतिविधियां तो शुरू हो गई हैं लेकिन मामलों के निस्तारण की गति बेहद धीमी है। अधिकांश मामले ऐसे हैं जिनका निराकरण लंबे समय से नहीं हो पाया है।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार जिले के लोहाघाट, बाराकोट और पाटी में महिला समाख्या के तहत 350 संगज्यू संगठन बनाए गए हैं। पिछले एक वर्ष में महिला समाख्या के पास कुल आठ मामले आए। इनमें से सिर्फ चार का ही समाधान हो पाया है। इसी तरह पिछले पांच वर्षों के भीतर महिला समाख्या के पास 80 मामले ऐसे हैं जिनको विचाराधीन मानकर छोड़ा गया है। महिला समाख्या की अवधारणा प्रदेश सरकार ने तय की है और जिला स्तर पर जिलाधिकारी को इसमें सहयोग के लिए कहा जाता है।
घरेलू हिंसा, महिलाओं पर होने वाले अपराधों को रोकने में महिला समाख्या की भूमिका अहम होती है। वह ऐसे मामलों को अपने स्तर से राजस्व पुलिस या फिर रेगुलर पुलिस में दर्ज कराती हैं तथा पीड़ित पक्ष को न्याय दिलाने की कोशिश करती हैं। महिला समाख्या की जिला प्रभारी भगवती पांडे का कहना है कि महिला समाख्या की वर्ष में एक बार समीक्षा बैठक होती है। उसी बैठक में एक वर्ष की कार्ययोजना तय कर दी जाती है। वह मानती हैं कि महिला समाख्या में मामले तो पंजीकृत होते हैं लेकिन उनके निराकरण की गति धीमी है। यदि पुलिस तथा प्रशासन का बेहतर सहयोग मिलता रहे तो महिला समाख्या की गतिविधियां तेज हो जाएंगी।

Spotlight

Most Read

Kanpur

बाइकवालाें काे भी देना हाेगा टोल टैक्स, सरकार वसूलेगी 285 रुपये

अगर अाप बाइक पर बैठकर आगरा - लखनऊ एक्सप्रेस वे पर फर्राटा भरने की साेच रहे हैं ताे सरकार ने अापकी जेब काे भारी चपत लगाने की तैयारी कर ली है। आगरा - लखनऊ एक्सप्रेस वे पर चलने के लिए सभी वाहनों को टोल टैक्स अदा करना होगा।

17 जनवरी 2018

Related Videos

VIDEO : गैस सिलेंडर में आग लगने पर न घबराएं, अपनाएं ये उपाय

उत्तराखंड के लोहाघाट में फायर ब्रिगेड कर्मियों ने अग्नि सुरक्षा जागरूकता अभियान चलाया। इस अभियान का शुभारंभ लोहाघाट के भीड़ वाले स्टेशन बाजार से किया गया।

9 जनवरी 2018

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper