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टनकपुर इंजीनियरिंग कॉलेज को एक माह में मिलेगा प्राचार्य
Updated Sat, 10 Nov 2018 11:15 PM IST
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चंपावत। टनकपुर राजकीय इंजीनियरिंग कॉलेज को जल्द ही प्राचार्य मिल जाएंगे। प्राचार्य को लेकर उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय की ओर से चयन प्रक्रिया शुरू की गई है।
नवंबर 2016 में खुले टनकपुर इंजीनियरिंग कॉलेज में मौजूदा शिक्षा सत्र में एक दिन भी कक्षाएं नहीं चल सकी है। प्राचार्य से लेकर शिक्षकों की तैनाती नहीं होने से यांत्रिक और सिविल ट्रेड के यहां पंजीकृत 79 छात्र-छात्राओं की पढ़ाई ठप है। छात्रों के लिए न पुस्तकालय है न अन्य व्यवस्थाएं।
अब पहली बार कॉलेज के प्राचार्य की नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू की गई है। उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. बीके सिंह ने बताया कि टनकपुर के प्राचार्य के चयन के लिए 14 नवंबर को साक्षात्कार हो जाएंगे। कुछ ही दिनों में चयनित अभ्यर्थी के नाम का एलान भी कर दिया जाएगा। प्राचार्य की तैनाती के बाद शिक्षकों की तैनाती, कॉलेज की व्यवस्था से जुड़े तमाम मसलों में तेजी से सुधार होगा।
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छात्रों ने ठुकराया पिथौरागढ़ में पढ़ाई का विकल्प
चंपावत। शिक्षकों की तैनाती नहीं होने से पढ़ाई से वंचित हो रहे टनकपुर राजकीय इंजीनियरिंग कॉलेज के छात्र-छात्राओं को पिथौरागढ़ के सीमांत इंजीनियरिंग कॉलेज भेजे जाने के विकल्प को छात्रों ने ठुकरा दिया है। तकनीकी विश्वविद्यालय के कुलपति ने टनकपुर में शिक्षकों की व्यवस्था नहीं होने तक पिथौरागढ़ के इंजीनियरिंग कॉलेज में पढ़ाने का विकल्प सुझाया था मगर अभिभावक और छात्रों ने इसे अव्यवहारिक बताते हुए इंकार कर दिया है।
वीसी डॉ. सिंह ने बताया कि छात्रों को टनकपुर से पिथौरागढ़ जाने के लिए विवि किराया देने को तैयार था। अलबत्ता उन्हें रहने और भोजन की व्यवस्था खुद करनी होगी। मगर इस प्रस्ताव को दिवाली से ठीक पहले देहरादून गए अभिभावक और छात्रों ने नामंजूर कर दिया। इधर छात्रों और अभिभावकों ने अब नगर निकाय चुनाव के बाद फिर से मुखर हो आवाज उठाने का एलान किया है।
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नवंबर 2016 में खुले टनकपुर इंजीनियरिंग कॉलेज में मौजूदा शिक्षा सत्र में एक दिन भी कक्षाएं नहीं चल सकी है। प्राचार्य से लेकर शिक्षकों की तैनाती नहीं होने से यांत्रिक और सिविल ट्रेड के यहां पंजीकृत 79 छात्र-छात्राओं की पढ़ाई ठप है। छात्रों के लिए न पुस्तकालय है न अन्य व्यवस्थाएं।
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अब पहली बार कॉलेज के प्राचार्य की नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू की गई है। उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. बीके सिंह ने बताया कि टनकपुर के प्राचार्य के चयन के लिए 14 नवंबर को साक्षात्कार हो जाएंगे। कुछ ही दिनों में चयनित अभ्यर्थी के नाम का एलान भी कर दिया जाएगा। प्राचार्य की तैनाती के बाद शिक्षकों की तैनाती, कॉलेज की व्यवस्था से जुड़े तमाम मसलों में तेजी से सुधार होगा।
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छात्रों ने ठुकराया पिथौरागढ़ में पढ़ाई का विकल्प
चंपावत। शिक्षकों की तैनाती नहीं होने से पढ़ाई से वंचित हो रहे टनकपुर राजकीय इंजीनियरिंग कॉलेज के छात्र-छात्राओं को पिथौरागढ़ के सीमांत इंजीनियरिंग कॉलेज भेजे जाने के विकल्प को छात्रों ने ठुकरा दिया है। तकनीकी विश्वविद्यालय के कुलपति ने टनकपुर में शिक्षकों की व्यवस्था नहीं होने तक पिथौरागढ़ के इंजीनियरिंग कॉलेज में पढ़ाने का विकल्प सुझाया था मगर अभिभावक और छात्रों ने इसे अव्यवहारिक बताते हुए इंकार कर दिया है।
वीसी डॉ. सिंह ने बताया कि छात्रों को टनकपुर से पिथौरागढ़ जाने के लिए विवि किराया देने को तैयार था। अलबत्ता उन्हें रहने और भोजन की व्यवस्था खुद करनी होगी। मगर इस प्रस्ताव को दिवाली से ठीक पहले देहरादून गए अभिभावक और छात्रों ने नामंजूर कर दिया। इधर छात्रों और अभिभावकों ने अब नगर निकाय चुनाव के बाद फिर से मुखर हो आवाज उठाने का एलान किया है।