{"_id":"5af481104f1c1b3b0b8b92a1","slug":"11-year-old-child-drowned-in-saryu-river-during-bathing","type":"story","status":"publish","title_hn":"नहाने समय 11 साल का बच्चा सरयू नदी में डूबा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नहाने समय 11 साल का बच्चा सरयू नदी में डूबा
अमर उजाला ब्यूराे लोहाघाट (चंपावत)।
Updated Thu, 10 May 2018 10:57 PM IST
विज्ञापन
घाट के समीप सरयू नदी में डूबा ललित अपनी मां के साथ। फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
।
विकासखंड बाराकोट के बौतड़ी गांव निवासी 11 वर्षीय बच्चा नहाते समय सरयू नदी में डूब गया। घर के इकलौते चिराग के नदी में डूबने से उसके परिवार में कोहराम मचा हुआ है। जानकारी मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस और फायर ब्रिगेड की रेस्क्यू टीम ग्रामीणों के सहयोग से बच्चे को तलाशने में जुटी हुई है। अभी तक उसका कोई पता नहीं चल पाया है। बच्चे को तलाशने के लिए टनकपुर से गोताखोरों की टीम बुलाई गई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार बुधवार को करीब 11 बजे बौतड़ी निवासी 11 वर्षीय ललित प्रसाद पुत्र राजेंद्र प्रसाद अपनी बहन ज्योति और साथी हिमांशू के साथ रामेश्वर घाट के समीप बौतड़ी वन विभाग की चौकी के पास सरयू नदी में नहाने गया था। नहाते समय अचानक वह नदी में बने गहरे गड्ढे में डूब गया। इस पर ज्योति और हिमांशू ने उसे बचाने का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली। ललित के नदी में डूबने के बाद वह चिल्लाते हुए गांव में पहुंचे। उन्होंने घटना की जानकारी ग्रामीणों और ललित के परिजनों को दी। सूचना मिलने पर ग्रामीण और पुलिस, फायर ब्रिगेड की रेस्क्यू टीम मौके में पहुंच गई। उन्होंने बच्चे की ढूंढखोज शुरू कर दी।
मौके में पहुंचे एसआई अरविंद कुमार ने बताया कि बच्चे को ढूंढने के लिए टनकपुर से गोताखोरों की टीम बुलाई गई है। घटना के बाद से गांव में कोहराम मचा हुआ है। उन्होंने बताया कि ललित अपने घर का इकलौता पुत्र होने के कारण उसके
विज्ञापन
नदी में डूबने की खबर के बाद सभी ग्रामीण घटना स्थल में पहुंच गए। उन्होंने बताया कि नदी के किनारे ललित के कपड़े, चप्पल आदि पड़े हुए हैं। उसकी ढूंढखोज की जा रही है। ग्राम प्रधान सीता देवी, श्यामू राम, ललित सिंह, गोपाल सिंह, दीवानी राम, महेश राम, जोगा सिंह, शंकर राम आदि लोग ललित को ढूंढने में सहयोग कर रहे हैं। अभी तक ललित का कोई पता नहीं चल पाया है।
आज आनी थी ललित के बहिन की बारात
लोहाघाट (चंपावत)। ग्रामीणों के अनुसार शुक्रवार को राजेंद्र प्रसाद की बेटी शांति की शादी थी। बृहस्पतिवार की रात को उनके घर में मेंहदी की रस्म और महिला संगीत होना था। शुक्रवार को पिथौरागढ़ के पीपली गांव से उसकी बारात आने वाली थी। मेहनत मजदूरी कर परिवार का भरण पोषण करने वाले राजेंद्र अपनी बेटी के विवाह का सामान खरीदने और पिथौरागढ़ जिला अस्पताल में भर्ती अपनी बीमार पत्नी को लेने के लिए पिथौरागढ़ गए थे। परिजन और पूरे गांव वाले शादी की तैयारियों में जुटे हुए थे। इसी दौरान ललित के नदी में डूबने की खबर मिलते ही गांव में कोहराम मच गया। अचानक हुए इस हादसे के बाद सभी स्तब्ध हैं। पांच बहिनों में सबसे छोटा ललित परिवार का इकलौता चिराग है। वह जीआईसी दुबौला पिथौरागढ़ में कक्षा छह में अध्ययनरत है। भतीजी की शादी के लिए शांति के चाचा दिवानी राम व अन्य लोग दिल्ली से आए हुए हैं। इस घटना के बाद परिवार में कोहराम मचा हुआ है।
विज्ञापन
विकासखंड बाराकोट के बौतड़ी गांव निवासी 11 वर्षीय बच्चा नहाते समय सरयू नदी में डूब गया। घर के इकलौते चिराग के नदी में डूबने से उसके परिवार में कोहराम मचा हुआ है। जानकारी मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस और फायर ब्रिगेड की रेस्क्यू टीम ग्रामीणों के सहयोग से बच्चे को तलाशने में जुटी हुई है। अभी तक उसका कोई पता नहीं चल पाया है। बच्चे को तलाशने के लिए टनकपुर से गोताखोरों की टीम बुलाई गई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार बुधवार को करीब 11 बजे बौतड़ी निवासी 11 वर्षीय ललित प्रसाद पुत्र राजेंद्र प्रसाद अपनी बहन ज्योति और साथी हिमांशू के साथ रामेश्वर घाट के समीप बौतड़ी वन विभाग की चौकी के पास सरयू नदी में नहाने गया था। नहाते समय अचानक वह नदी में बने गहरे गड्ढे में डूब गया। इस पर ज्योति और हिमांशू ने उसे बचाने का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली। ललित के नदी में डूबने के बाद वह चिल्लाते हुए गांव में पहुंचे। उन्होंने घटना की जानकारी ग्रामीणों और ललित के परिजनों को दी। सूचना मिलने पर ग्रामीण और पुलिस, फायर ब्रिगेड की रेस्क्यू टीम मौके में पहुंच गई। उन्होंने बच्चे की ढूंढखोज शुरू कर दी।
विज्ञापन
मौके में पहुंचे एसआई अरविंद कुमार ने बताया कि बच्चे को ढूंढने के लिए टनकपुर से गोताखोरों की टीम बुलाई गई है। घटना के बाद से गांव में कोहराम मचा हुआ है। उन्होंने बताया कि ललित अपने घर का इकलौता पुत्र होने के कारण उसके
विज्ञापन
नदी में डूबने की खबर के बाद सभी ग्रामीण घटना स्थल में पहुंच गए। उन्होंने बताया कि नदी के किनारे ललित के कपड़े, चप्पल आदि पड़े हुए हैं। उसकी ढूंढखोज की जा रही है। ग्राम प्रधान सीता देवी, श्यामू राम, ललित सिंह, गोपाल सिंह, दीवानी राम, महेश राम, जोगा सिंह, शंकर राम आदि लोग ललित को ढूंढने में सहयोग कर रहे हैं। अभी तक ललित का कोई पता नहीं चल पाया है।
आज आनी थी ललित के बहिन की बारात
लोहाघाट (चंपावत)। ग्रामीणों के अनुसार शुक्रवार को राजेंद्र प्रसाद की बेटी शांति की शादी थी। बृहस्पतिवार की रात को उनके घर में मेंहदी की रस्म और महिला संगीत होना था। शुक्रवार को पिथौरागढ़ के पीपली गांव से उसकी बारात आने वाली थी। मेहनत मजदूरी कर परिवार का भरण पोषण करने वाले राजेंद्र अपनी बेटी के विवाह का सामान खरीदने और पिथौरागढ़ जिला अस्पताल में भर्ती अपनी बीमार पत्नी को लेने के लिए पिथौरागढ़ गए थे। परिजन और पूरे गांव वाले शादी की तैयारियों में जुटे हुए थे। इसी दौरान ललित के नदी में डूबने की खबर मिलते ही गांव में कोहराम मच गया। अचानक हुए इस हादसे के बाद सभी स्तब्ध हैं। पांच बहिनों में सबसे छोटा ललित परिवार का इकलौता चिराग है। वह जीआईसी दुबौला पिथौरागढ़ में कक्षा छह में अध्ययनरत है। भतीजी की शादी के लिए शांति के चाचा दिवानी राम व अन्य लोग दिल्ली से आए हुए हैं। इस घटना के बाद परिवार में कोहराम मचा हुआ है।