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Chamoli News: 25 को होगा विश्व धरोहर रम्माण का मंचन
Sat, 13 Apr 2024 07:35 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
Updated Sat, 13 Apr 2024 07:35 PM IST
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फोटो
बैसाखी पर पुरोहितों ने पंचांग गणना के अनुसार निकाली तिथि
संवाद न्यूज एजेंसी
जोशीमठ। विश्व सांस्कृतिक धरोहर रम्माण मेले का आयोजन 25 अप्रैल को सलूड़ डुंग्रा गांव में होगा। शनिवार को बैसाखी पर्व पर क्षेत्रपाल देवता के मंदिर में विधि-विधान के साथ पंचायती पुरोहितों ने रम्माण मंचन के मुख्य आयोजन की तिथि की घोषणा की।
जोशीमठ ब्लॉक के सलूड़ डुंग्रा में हर साल होने वाले रम्माण की तिथि शनिवार को ग्रामीणों की मौजूदगी में निर्धारित की गई। परंपरानुसार बैसाखी पर्व पर पूर्वाह्न 11 बजे डुंग्रा गांव से ढोल दमाऊं के साथ भूम्याल क्षेत्रपाल देवता के निशाणों को सलूड़ गांव लाया गया। इस दौरान मंदिर में धार्मिक अनुष्ठान हुआ जिसके बाद रम्माण के मुख्य आयोजन की तिथि घोषित की गई। रम्माण मेले के संयोजक डॉ. कुशल भंडारी ने बताया कि रम्माण का मंचन 25 अप्रैल को होगा। 15 से 24 अप्रैल तक तक क्षेत्रपाल देवता सलूड़-डुंग्रा गांव के भ्रमण पर रहेंगे और 25 की रात को मंदिर में मुखौटा नृत्य होगा। इस मौके पर मंदिर समिति के अध्यक्ष शरत सिंह बागड़ी, भरत सिंह पंवार, रणवीर सिंह, प्रदीप, रघुवीर नेगी, पंकज बैंजवाल, लक्ष्मण सुंदरियाल, देवता के अवतारी पुरुष दलबीर सिंह, पूर्णानंद सती, रघुनाथ सिंह और विकेश कुंवर आदि मौजूद रहे।
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बैसाखी पर पुरोहितों ने पंचांग गणना के अनुसार निकाली तिथि
संवाद न्यूज एजेंसी
जोशीमठ। विश्व सांस्कृतिक धरोहर रम्माण मेले का आयोजन 25 अप्रैल को सलूड़ डुंग्रा गांव में होगा। शनिवार को बैसाखी पर्व पर क्षेत्रपाल देवता के मंदिर में विधि-विधान के साथ पंचायती पुरोहितों ने रम्माण मंचन के मुख्य आयोजन की तिथि की घोषणा की।
जोशीमठ ब्लॉक के सलूड़ डुंग्रा में हर साल होने वाले रम्माण की तिथि शनिवार को ग्रामीणों की मौजूदगी में निर्धारित की गई। परंपरानुसार बैसाखी पर्व पर पूर्वाह्न 11 बजे डुंग्रा गांव से ढोल दमाऊं के साथ भूम्याल क्षेत्रपाल देवता के निशाणों को सलूड़ गांव लाया गया। इस दौरान मंदिर में धार्मिक अनुष्ठान हुआ जिसके बाद रम्माण के मुख्य आयोजन की तिथि घोषित की गई। रम्माण मेले के संयोजक डॉ. कुशल भंडारी ने बताया कि रम्माण का मंचन 25 अप्रैल को होगा। 15 से 24 अप्रैल तक तक क्षेत्रपाल देवता सलूड़-डुंग्रा गांव के भ्रमण पर रहेंगे और 25 की रात को मंदिर में मुखौटा नृत्य होगा। इस मौके पर मंदिर समिति के अध्यक्ष शरत सिंह बागड़ी, भरत सिंह पंवार, रणवीर सिंह, प्रदीप, रघुवीर नेगी, पंकज बैंजवाल, लक्ष्मण सुंदरियाल, देवता के अवतारी पुरुष दलबीर सिंह, पूर्णानंद सती, रघुनाथ सिंह और विकेश कुंवर आदि मौजूद रहे।
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