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Chamoli News: आठवें दिन भी नहीं खुले प्रावि मलारी के ताले, होगी जांच
Tue, 08 Jul 2025 07:28 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
Updated Tue, 08 Jul 2025 07:28 PM IST
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सीईओ ने कहा-अब बुधवार से शुरू होंगी कक्षाएं
संवाद न्यूज एजेंसी-
गोपेश्वर। नीती घाटी में स्थित वाइब्रेंट विलेज मलारी में प्राथमिक विद्यालय का मंगलवार को भी संचालन नहीं हो पाया। बच्चे विद्यालय तक पहुंचे लेकिन शिक्षक नहीं आए। मुख्य शिक्षा अधिकारी धर्म सिंह रावत ने कहा कि बुधवार से विद्यालय का संचालन शुरू कर दिया जाएगा। विद्यालय के बंद होने की जांच की जाएगी। वहीं डीएम ने भी मुख्य शिक्षा अधिकारी से जवाब मांगा है।
बीते एक जुलाई से जनपद के सभी विद्यालयों का संचालन शुरू हो गया है लेकिन प्रावि मलारी के ताले अभी तक नहीं खुले हैं। 12 छात्र-छात्राएं रोज विद्यालय तक आ रहे हैं लेकिन शिक्षक के न पहुंचने से वे लौट रहे हैं। मुख्य शिक्षा अधिकारी धर्म सिंह रावत ने बताया कि संबंधित अधिकारियों से पूछा गया है। कहा कि देवलीबगड़ से दो छात्रों के अपने परिजनों के साथ मलारी पहुंचने की सूचना मिली है। अभी तक कितने बच्चे मलारी पहुंचे हैं इसे दिखवाया जा रहा है। विद्यालय बंद होने की जांच की जाएगी। बुधवार से विद्यालय का नियमित संचालन शुरू कर दिया जाएगा। मलारी के पूर्व प्रधान मंगल सिंह का कहना है कि केंद्र सरकार ने नीती घाटी के गांवों को वाइब्रेंट विलेज घोषित तो कर दिया है लेकिन गांवों में सुविधाएं नाकाफी हैं। सीमांत क्षेत्र के विद्यालयों में पठन-पाठन पर शिक्षा विभाग भी कोई ध्यान नहीं दे रहा है जिससे लोग वाइब्रेंट विलेज में लौटने के बजाय अपने बच्चों को निचले क्षेत्रों के विद्यालयों में ही पढ़ा रहे हैं।
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सीईओ ने कहा-अब बुधवार से शुरू होंगी कक्षाएं
संवाद न्यूज एजेंसी-
गोपेश्वर। नीती घाटी में स्थित वाइब्रेंट विलेज मलारी में प्राथमिक विद्यालय का मंगलवार को भी संचालन नहीं हो पाया। बच्चे विद्यालय तक पहुंचे लेकिन शिक्षक नहीं आए। मुख्य शिक्षा अधिकारी धर्म सिंह रावत ने कहा कि बुधवार से विद्यालय का संचालन शुरू कर दिया जाएगा। विद्यालय के बंद होने की जांच की जाएगी। वहीं डीएम ने भी मुख्य शिक्षा अधिकारी से जवाब मांगा है।
बीते एक जुलाई से जनपद के सभी विद्यालयों का संचालन शुरू हो गया है लेकिन प्रावि मलारी के ताले अभी तक नहीं खुले हैं। 12 छात्र-छात्राएं रोज विद्यालय तक आ रहे हैं लेकिन शिक्षक के न पहुंचने से वे लौट रहे हैं। मुख्य शिक्षा अधिकारी धर्म सिंह रावत ने बताया कि संबंधित अधिकारियों से पूछा गया है। कहा कि देवलीबगड़ से दो छात्रों के अपने परिजनों के साथ मलारी पहुंचने की सूचना मिली है। अभी तक कितने बच्चे मलारी पहुंचे हैं इसे दिखवाया जा रहा है। विद्यालय बंद होने की जांच की जाएगी। बुधवार से विद्यालय का नियमित संचालन शुरू कर दिया जाएगा। मलारी के पूर्व प्रधान मंगल सिंह का कहना है कि केंद्र सरकार ने नीती घाटी के गांवों को वाइब्रेंट विलेज घोषित तो कर दिया है लेकिन गांवों में सुविधाएं नाकाफी हैं। सीमांत क्षेत्र के विद्यालयों में पठन-पाठन पर शिक्षा विभाग भी कोई ध्यान नहीं दे रहा है जिससे लोग वाइब्रेंट विलेज में लौटने के बजाय अपने बच्चों को निचले क्षेत्रों के विद्यालयों में ही पढ़ा रहे हैं।
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