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Chamoli News: भ्रामक जानकारी देने पर डीएसओ का एक दिन का वेतन रोका
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जिला पूर्ति अधिकारी जसवंत सिंह कंडारी को बिना बताए मुख्यालय छोड़ने और जिलाधिकारी को भ्रामक जानकारी देना भारी पड़ गया। जिलाधिकारी ने उनके एक दिन की सर्विस ब्रेक करते हुए एक दिन का वेतन रोकने के आदेश जारी किए हैं।
गौचर मेले में मेलाधिकारी/उपजिलाधिकारी कर्णप्रयाग के साथ जिला स्तरीय अधिकारियों की तैनाती का रोस्टर बनाया गया है। 16 नवंबर को उनके साथ जिला पूर्ति अधिकारी चमोली जसवंत सिंह कंडारी की तैनाती की गई थी। मेलाधिकारी ने बताया कि जिला पूर्ति अधिकारी मेला स्थल में ड्यूटी पर नहीं हैं। कंट्रोल रूम और जिला कार्यालय से उन्हें फोन किया तो उन्होंने मेला स्थल में होने की बात कही।
उसके बाद जिलाधिकारी ने फोन किया और एक घंटे में जिला मुख्यालय आने को कहा तब पूर्ति अधिकारी ने देहरादून में होने की जानकारी दी। जिलाधिकारी की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि जिला पूर्ति अधिकारी ने सौंपे गए कार्यों का निर्वहन नहीं किया, सक्षम अधिकारी की अनुमति के बिना मुख्यालय छोड़ा और उच्चाधिकारियों को भ्रामक सूचना दी। डीएम ने इसे सरकारी कर्मचारी आचरण नियमावली का उल्लंघन बताते हुए 16 नवंबर के वेतन आहरण पर रोक लगा दी है। साथ ही ड्यूटी में अनुपस्थित मानते हुए 16 नवंबर को सर्विस में ब्रेक दिया गया है।
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गौचर मेले में मेलाधिकारी/उपजिलाधिकारी कर्णप्रयाग के साथ जिला स्तरीय अधिकारियों की तैनाती का रोस्टर बनाया गया है। 16 नवंबर को उनके साथ जिला पूर्ति अधिकारी चमोली जसवंत सिंह कंडारी की तैनाती की गई थी। मेलाधिकारी ने बताया कि जिला पूर्ति अधिकारी मेला स्थल में ड्यूटी पर नहीं हैं। कंट्रोल रूम और जिला कार्यालय से उन्हें फोन किया तो उन्होंने मेला स्थल में होने की बात कही।
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उसके बाद जिलाधिकारी ने फोन किया और एक घंटे में जिला मुख्यालय आने को कहा तब पूर्ति अधिकारी ने देहरादून में होने की जानकारी दी। जिलाधिकारी की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि जिला पूर्ति अधिकारी ने सौंपे गए कार्यों का निर्वहन नहीं किया, सक्षम अधिकारी की अनुमति के बिना मुख्यालय छोड़ा और उच्चाधिकारियों को भ्रामक सूचना दी। डीएम ने इसे सरकारी कर्मचारी आचरण नियमावली का उल्लंघन बताते हुए 16 नवंबर के वेतन आहरण पर रोक लगा दी है। साथ ही ड्यूटी में अनुपस्थित मानते हुए 16 नवंबर को सर्विस में ब्रेक दिया गया है।
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