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बिना पानी के सूखी कास्तकारों की उपजाऊ फसल
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थराली। तहसील थराली के चिड़ंगा मल्ला गांव में सिंचाई विभाग की लापरवाही से काश्तकारों की खेती चौपट हो गई है। गांव में कल्याणी, झूलागाड़, झड़िया और अखोड़सारी नहरें हैं, जो क्षतिग्रस्त पड़ी हैं। नहरों पर पानी न आने के कारण ग्रामीणों के सामने धान की रोपाई का संकट बना है।
चिड़ंगा मल्ला गांव के लोगों की आजीविका का मुख्य साधन खेती है, लेकिन नहरों पर पानी नहीं आने से आधे से अधिक भूमि बंजर हो गई है। मूलभूत सुविधाओं के अभाव में गांव के एक तिहाई से अधिक लोग पलायन कर चुके हैं। गांव में जो किसान रह रहे हैं अब उनके सामने धान की रोपाई की समस्या बनी है। झड़िया के हरीश चंद्र मिश्रा, गणेश दत्त मिश्रा, दिनेश चंद्र, रमेश चंद्र और संतोष कुमार का कहना है यदि नहर में पानी डाल भी रहे हैं तो वह वापस मकानों के अंदर आ रहा है। उन्होंने कहा कि कई बार सिंचाई विभाग को लिखित पत्र भी दिया गया लेकिन सिंचाई विभाग की ओर से नहर की मरम्मत नहीं की गई। उन्होंने कहा यदि सिंचाई विभाग ने नहर की मरम्मत नहीं की तो पशुओं के साथ सिंचाई विभाग के सामने डेरा डाल देंगे। उधर सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता राजकुमार ने कहा कि विभाग के पास बजट ही नहीं है। प्रधानमंत्री सिंचाई योजना में नहरों के निर्माण का प्रस्ताव तैयार किया गया है। प्रस्ताव पास होने के बाद नहरों की मरम्मत की जाएगी।
चिड़ंगा मल्ला गांव के लोगों की आजीविका का मुख्य साधन खेती है, लेकिन नहरों पर पानी नहीं आने से आधे से अधिक भूमि बंजर हो गई है। मूलभूत सुविधाओं के अभाव में गांव के एक तिहाई से अधिक लोग पलायन कर चुके हैं। गांव में जो किसान रह रहे हैं अब उनके सामने धान की रोपाई की समस्या बनी है। झड़िया के हरीश चंद्र मिश्रा, गणेश दत्त मिश्रा, दिनेश चंद्र, रमेश चंद्र और संतोष कुमार का कहना है यदि नहर में पानी डाल भी रहे हैं तो वह वापस मकानों के अंदर आ रहा है। उन्होंने कहा कि कई बार सिंचाई विभाग को लिखित पत्र भी दिया गया लेकिन सिंचाई विभाग की ओर से नहर की मरम्मत नहीं की गई। उन्होंने कहा यदि सिंचाई विभाग ने नहर की मरम्मत नहीं की तो पशुओं के साथ सिंचाई विभाग के सामने डेरा डाल देंगे। उधर सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता राजकुमार ने कहा कि विभाग के पास बजट ही नहीं है। प्रधानमंत्री सिंचाई योजना में नहरों के निर्माण का प्रस्ताव तैयार किया गया है। प्रस्ताव पास होने के बाद नहरों की मरम्मत की जाएगी।
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