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खड़िया खनन से आला गांव में सक्रिय हुआ भूस्खलन
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गोपेश्वर। घाट ब्लॉक के आला गांव के ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से गांव में हो रहे खड़िया खनन पर रोक लगाने की मांग की। ग्रामीणों का कहना है गांव के कुनी तोक में हो रहे खनन से गांव को भूस्खलन का खतरा बना है। ग्रामीणों ने डीएम स्वाति एस भदौरिया को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग उठाई।
आला गांव के अमर सिंह और आलम सिंह ने आरोप लगाया कि खनन कारोबारी की ओर से फर्जी सहमति पत्र जिला प्रशासन को सौंपकर खनन की अनुमति ली गई और कुनी तोक में खनन किया जा रहा है। यहां हो रहे बेतहाशा खनन से गांव के निचले हिस्से में भूस्खलन सक्रिय हो गया है। उन्होंने कहा कि यदि शीघ्र प्रशासन की ओर से यहां खनन पर रोक नहीं लगाई गई तो गांव के साथ ही कृषि भूमि भी बर्बाद हो जाएगी। जिलाधिकारी स्वाति एस भदौरिया ने कहा कि एसडीएम को इस मामले में जांच के आदेश दे दिए गए हैं। जांच रिपोर्ट में जो भी तथ्य सामने आएगा, आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस मौके पर दौलत सिह, बलवंत सिंह, राजेंद्र सिंह और भवान सिंह आदि मौजूद थे।
आला गांव के अमर सिंह और आलम सिंह ने आरोप लगाया कि खनन कारोबारी की ओर से फर्जी सहमति पत्र जिला प्रशासन को सौंपकर खनन की अनुमति ली गई और कुनी तोक में खनन किया जा रहा है। यहां हो रहे बेतहाशा खनन से गांव के निचले हिस्से में भूस्खलन सक्रिय हो गया है। उन्होंने कहा कि यदि शीघ्र प्रशासन की ओर से यहां खनन पर रोक नहीं लगाई गई तो गांव के साथ ही कृषि भूमि भी बर्बाद हो जाएगी। जिलाधिकारी स्वाति एस भदौरिया ने कहा कि एसडीएम को इस मामले में जांच के आदेश दे दिए गए हैं। जांच रिपोर्ट में जो भी तथ्य सामने आएगा, आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस मौके पर दौलत सिह, बलवंत सिंह, राजेंद्र सिंह और भवान सिंह आदि मौजूद थे।
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