Uk Board: बेटियों का रहा दबदबा, इस बार टॉपर बनने की खुशी में दादा के हाथों मुंह मीठा नहीं करा सकी गीतिका
बागेश्वर की गीतिका पंत ने इंटरमीडिएट में प्रदेश टॉप कर न सिर्फ परिवार बल्कि दिवंगत दादा का सपना भी पूरा कर दिया। संघर्ष, पारिवारिक जिम्मेदारियों और समाज के तानों के बीच मिली इस सफलता ने उनकी मेहनत और दृढ़ इच्छाशक्ति को साबित किया है।
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बागेश्वर में पिछली बार गीतिका ने जब हाईस्कूल में जिला टॉप किया था तब उनके बीमार दादा बेहद खुश हुए थे। आंखों से छलकते आंसू और कांपते हाथों से उन्होंने पोती का मुंह मीठा कराया था। पोती को इससे भी बड़ी सफलता हासिल करने का आशीर्वाद भी दिया। पोती ने उनकी इच्छा को पूरा करते हुए प्रदेश टॉप कर दिया लेकिन दादा उनकी इस खुशी को देखने के लिए संसार में नहीं रहे।
तुम्हारे बच्चे क्या करेंगे प्राइवेट स्कूल जाकर...
बेटी की सफलता से उत्साहित रीता पंत ने बताया कि गीतिका के पिता टैक्सी चालक होने के कारण बच्चों को अधिक समय नहीं दे पाते थे। उनके व्यवसाय और बच्चों की परवरिश को लेकर भी लोगों के खूब ताने सुनने पड़े हैं। लोगों ने यहां तक कहा था कि तुम्हारे बच्चे प्राइवेट स्कूल जाकर क्या करेंगे, इन्हें तो सरकारी स्कूल भेजो। हालांकि माता-पिता ने बच्चों पर कभी इन बातों का प्रभाव नहीं पढ़ने दिया। आज जब गीतिका ने इंटरमीडिएट टॉप किया है तो मां रीता को वह सारी बातें याद आ गईं। भावुक होते हुए बोलीं बेटी ने आज तक समाज की ओर से पूछे गए सभी सवालों का जवाब दे दिया है।