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सरयू अब दिखने लगी निर्मल
अमर उजाला ब्यूरो, बागेश्वर
Updated Thu, 22 Dec 2016 10:46 PM IST
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सरयू नदी
- फोटो : अमर उजाला
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शिव महापुराण में बाबा बागनाथ की नगरी, सरयू और गोमती के संगम का वर्णन है। नगर में माघ महीने में कुमाऊं का सुप्रसिद्ध उत्तरायणी मेला और महा शिवरात्रि पर जोर का मेला लगता है। इन पर्वों पर दूर दूर से स्नान के लिए बड़ी संख्या में लोग यहां आते हैं। स्नान के बाद वह मोक्ष दायिनी का जल भोलेनाथ को अर्पित करने के बाद उसे बोतलों में भरकर अपने घरों को ले जाते हैं। हर दृष्टि से महत्व रखने वाले इस नगर का आज तक हरिद्वार की तर्ज पर विकास नहीं हो सका है।
नगर और संगम को साफ रखने के लिए अमर उजाला ने जागरूकता अभियान चला रखा है। इसमें लोग अपने-अपने तरीके से योगदान दे रहे हैं। इसका नतीजा है कि अब संगम का जल निर्मल नजर आने लगा है। उत्तरायणी मेले की तैयारी में जुटे नगर पालिका परिषद के पर्यावरण मित्रों ने बृहस्पतिवार को हनुमान मंदिर से लेकर सरयू की ओर जाने वाली नाली साफ की। नाली में लंबे से समय से जमे कचरे को साफ किया। बंद नालियों को खोला। पर्यावरण मित्र सुबह से ही कड़ी मेहनत करते दिखाई दिए। पालिका की ओर से जेेेेसीबी के जरिए सरयू के दोनों तटों पर सफाई की जा रही है।
नदी और इसके तटों पर सफाई होने से अब नदी का पानी भी निर्मल दिखाई देने लगा है। बागेश्वर-टनकपुर रेल मार्ग निर्माण समिति के प्रवक्ता हयात सिंह मेहता का कहना है कि सफाई के प्रति हर किसी को जागरूक होना चाहिए। सफाई रहेगी तो दूर दराज से बड़ी संख्या में लोग आएंगे। इससे जहां नगर की तस्वीर दूसरे स्थानों पर अच्छी जाएगी वहीं व्यापार को भी नए आयाम मिलेंगे। उन्होंने अमर उजाला द्वारा शुरू किए गए अभियान की सराहना की है।
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नगर और संगम को साफ रखने के लिए अमर उजाला ने जागरूकता अभियान चला रखा है। इसमें लोग अपने-अपने तरीके से योगदान दे रहे हैं। इसका नतीजा है कि अब संगम का जल निर्मल नजर आने लगा है। उत्तरायणी मेले की तैयारी में जुटे नगर पालिका परिषद के पर्यावरण मित्रों ने बृहस्पतिवार को हनुमान मंदिर से लेकर सरयू की ओर जाने वाली नाली साफ की। नाली में लंबे से समय से जमे कचरे को साफ किया। बंद नालियों को खोला। पर्यावरण मित्र सुबह से ही कड़ी मेहनत करते दिखाई दिए। पालिका की ओर से जेेेेसीबी के जरिए सरयू के दोनों तटों पर सफाई की जा रही है।
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नदी और इसके तटों पर सफाई होने से अब नदी का पानी भी निर्मल दिखाई देने लगा है। बागेश्वर-टनकपुर रेल मार्ग निर्माण समिति के प्रवक्ता हयात सिंह मेहता का कहना है कि सफाई के प्रति हर किसी को जागरूक होना चाहिए। सफाई रहेगी तो दूर दराज से बड़ी संख्या में लोग आएंगे। इससे जहां नगर की तस्वीर दूसरे स्थानों पर अच्छी जाएगी वहीं व्यापार को भी नए आयाम मिलेंगे। उन्होंने अमर उजाला द्वारा शुरू किए गए अभियान की सराहना की है।
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