बागेश्वर। खरही पेयजल योजना के पुनर्गठन के सर्वे बदलने की मांग के लिए बिलौना के लोगों का आंदोलन जारी है। ग्रामीण पाइप लाइन बिछाने के लिए खेतों की खोदाई करने के विरोध में 10 सितंबर से धरने पर अड़े हैं। लोगों ने सर्वे नहीं बदले जाने पर आंदोलन को तेज करने की चेतावनी दी है।
खरही मंडल के लिए बिलौना से पंपिंग योजना का निर्माण हुआ है। करीब 41 वर्ष पहले बनी इस योजना का पुनर्गठन किया जा रहा है। जिसके लिए जल निगम ने पुरानी पाइप लाइन को बदलकर नए पाइप बिछाने का कार्य शुरु किया। पाइप बदलने के लिए बिलौनासेरा में खेतों की खोदाई शुरू होते ही लोगों ने विरोध शुरू कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि विभाग पाइप बदलने के नाम पर उनके खेतों को बर्बाद कर रहा है। बीचोंबीच खेत खोदे जा रहे हैं। जिसके कारण उपजाऊ जमीन बर्बाद हो रही है। लोगों ने विभागीय अधिकारियों को नहर के पास से पाइप लाइन बिछाने का सुझाव भी दिया, लेकिन विभाग का कहना है कि सर्वे के अनुसार ही पंप, पाइप आदि सामान खरीदा गया है। पुराने सर्वे के अनुसार ही लाइन बिछाई जानी है। खेतों को किसी प्रकार का नुकसान नहीं होगा। इसके बावजूद ग्रामीण आंदोलन पर अडिग हैं। वहां पर प्रकाश सिंह दफौटी, चंदन सिंह कनवाल, राजेंद्र सिंह, मोहन सिंह, रमेश चंद्र गुरुरानी, धन सिंह आदि थे।