{"_id":"5a4bbcb24f1c1b0f788b6411","slug":"protection-of-kumaon-s-ancient-culture-in-uttaranani-fair","type":"story","status":"publish","title_hn":"उत्तरायणी मेले में कुमाऊंनी की प्राचीन संस्कृति को मिलेगा संरक्षण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
उत्तरायणी मेले में कुमाऊंनी की प्राचीन संस्कृति को मिलेगा संरक्षण
अमर उजाला ब्यूरो बागेश्वर।
Updated Tue, 02 Jan 2018 10:39 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तरायणी मेले का कुमाऊंनी संस्कृति को संरक्षित करने में बड़ा योगदान रहा है। मेला समिति ने पिछली बार की तरह ही इस बार भी मेले के दौरान ऐपण, मेहंदी और रंगोली प्रतियोगिता आयोजित की है।
विज्ञापन
उत्तरायणी मेला समिति मेले के दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ ही ऐपण, मेहंदी और रंगोली जैसी संस्कृति को संरक्षित करने के लिए प्रतियोगिता का आयोजन करते आ रही है।
विज्ञापन
इन प्रतियोगिताओं को संपन्न कराने के लिए मेला समिति ने अलग-अलग संयोजक समितियां गठित की हैं। मेला समिति इन प्रतियोगिताओं में अव्वल रहने वाली प्रतिभागियों को आकर्षक पुरस्कार और प्रमाण पत्र भी भेंट करती है। लोगों का मानना है कि इस तरह के आयोजन से भावी पीढ़ी को पुरानी संस्कृति का बोध होता है। महिलाएं प्राचीन कला को संजोए रखने का प्रयास करती हैं। प्रतियोगिता में अव्वल स्थान प्राप्त करने के लिए प्रतिभागी अभी से प्रयास करने लगी हैं।
विज्ञापन
14 से 16 जनवरी तक होगी प्रतियोगिता
14 जनवरी 2018 के प्रात: 11 बजे से महिलाओं की नगर पालिका परिसर में ऐपण प्रतियोगिता जूनियर और सीनियर वर्ग।
-15 जनवरी के प्रात: 11 बजे से नगर पालिका परिसर में महिलाओं की मेहंदी प्रतियोगिता जूनियर और सीनियर वर्ग।
-16 जनवरी के प्रात: 11 बजे महिलाओं की नगर पालिका परिसर में रंगोली प्रतियोगिता होगी।