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शामा-लीती में 30 घंटे बाद बहाल हुई बिजली और संचार सुविधा
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बागेश्वर। कपकोट विकास खंड के दूरस्थ शामा क्षेत्र में बिजली और संचार व्यवस्था 30 घंटे बाद बहाल हो सकी। नाचनी से आने वाली लाइन क्षतिग्रस्त होने से क्षेत्र की बिजली आपूर्ति ठप हो गई थी। बिजली गुल होने से संचार सुविधा भी ठप थी। इसके कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
शामा क्षेत्र में पिथौरागढ़ के नाचनी से बिजली की लाइन आती है। शुक्रवार रात कपकोट के शामा क्षेत्र में नाचनी से आ रही बिजली लाइन क्षतिग्रस्त हो गई। तार जलने के कारण शामा, लीती, रातिरकेटी सहित क्षेत्र के 22 गांवों की बिजली गुल हो गई। लोगों को दो रातें बिना बिजली के गुजारनी पड़ी। बिजली नहीं होने से बच्चों की पढ़ाई पर असर पड़ा। अन्य रोजमर्रा के कामकाज भी प्रभावित हुए। लघु और कुटीर उद्योगों को भी नुकसान उठाना पड़ा। वहीं, बिजली नहीं होने से क्षेत्र का बीएसएनएल टावर भी बंद हो गया। इसके कारण संचार सुविधा पूरी तरह से ठप रही। संचार नहीं होने से लोगों के मोबाइल शोपीस बने रहे। लोग अपने स्वजनों से बात नहीं कर सके। बच्चों की ऑनलाइन शिक्षा पर भी असर देखने को मिला। व्यापारी नरेंद्र सिंह कोरंगा, धना कोरंगा, कुंदन सिंह आदि ने बताया कि अक्सर क्षेत्र में बिजली और संचार सुविधा ठप हो जाती है। जिसका नुकसान ग्रामीणों को उठाना पड़ता है।
नाचनी से आ रही बिजली लाइन की केबल जलने के कारण शामा क्षेत्र में बिजली गुल थी। वर्तमान में क्षेत्र के विनायक धार से लगे चार गांवों की लाइन क्षतिग्रस्त है। जिसकी मरम्मत का काम चल रहा है। अन्य गांवों में आपूर्ति बहाल करा दी गई है। - भाष्कर पांडेय, ईई, ऊर्जा निगम, बागेश्वर
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शामा क्षेत्र में पिथौरागढ़ के नाचनी से बिजली की लाइन आती है। शुक्रवार रात कपकोट के शामा क्षेत्र में नाचनी से आ रही बिजली लाइन क्षतिग्रस्त हो गई। तार जलने के कारण शामा, लीती, रातिरकेटी सहित क्षेत्र के 22 गांवों की बिजली गुल हो गई। लोगों को दो रातें बिना बिजली के गुजारनी पड़ी। बिजली नहीं होने से बच्चों की पढ़ाई पर असर पड़ा। अन्य रोजमर्रा के कामकाज भी प्रभावित हुए। लघु और कुटीर उद्योगों को भी नुकसान उठाना पड़ा। वहीं, बिजली नहीं होने से क्षेत्र का बीएसएनएल टावर भी बंद हो गया। इसके कारण संचार सुविधा पूरी तरह से ठप रही। संचार नहीं होने से लोगों के मोबाइल शोपीस बने रहे। लोग अपने स्वजनों से बात नहीं कर सके। बच्चों की ऑनलाइन शिक्षा पर भी असर देखने को मिला। व्यापारी नरेंद्र सिंह कोरंगा, धना कोरंगा, कुंदन सिंह आदि ने बताया कि अक्सर क्षेत्र में बिजली और संचार सुविधा ठप हो जाती है। जिसका नुकसान ग्रामीणों को उठाना पड़ता है।
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नाचनी से आ रही बिजली लाइन की केबल जलने के कारण शामा क्षेत्र में बिजली गुल थी। वर्तमान में क्षेत्र के विनायक धार से लगे चार गांवों की लाइन क्षतिग्रस्त है। जिसकी मरम्मत का काम चल रहा है। अन्य गांवों में आपूर्ति बहाल करा दी गई है। - भाष्कर पांडेय, ईई, ऊर्जा निगम, बागेश्वर
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