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Bageshwar News: गरुड़ के अधिकतर गांवों के जलस्रोतों में पानी हुआ कम
Fri, 14 Jun 2024 12:23 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बागेश्वर
संवाद न्यूज एजेंसी, बागेश्वर
Updated Fri, 14 Jun 2024 12:23 AM IST
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गरुड़ (बागेश्वर)। भीषण गर्मी पड़ने से विकास खंड के अधिकतर गांवों के जलस्रोतों में पानी कम हो गया है। स्रोतों में पानी कम होने से जल संस्थान ग्रामीण क्षेत्रों में मात्र आधा-एक घंटा पानी की आपूर्ति कर रहा है। नगरीय क्षेत्र के लोगों ने जल संस्थान से सड़क के आसपास के गांवाें में टैंकर से पानी बांटने की मांग की है।
गरुड़ गंगा और गोमती नदी का जलस्तर इस बीच काफी कम हो गया है। नदियों का जल स्तर कम होने से पचना, बिमोला, देवनाई, बंतोली, रिठाड़, पोखरी, हरबगड़, जिजोली, माल्दे, डाक, पुरुड़ा, मन्यूड़ा, गागरीगोल, नरग्वाड़ी, दिगोली, बिनखोली कज्यूली, अणां, लोहारचौरा, डंगोली, घांघली हरीनगरी आदि गांवों की पेयजल योजनाओं से नियमित पेयजल की आपूर्ति नहीं हो रही है। नदियों का जलस्तर घटने से जल संस्थान ग्रामीणों को एक घंटा पानी की आपूर्ति करने के लिए मजबूर है। पचना के ग्राम प्रधान प्रकाश कोहली ने बताया कि हमारे गांव के सभी प्राकृतिक स्रोत एकदम सूख गए हैं। तैलीहाट के ग्रामीण गरुड़ गंगा का पानी पीने के लिए मजबूर हैं। बिनखोली के ग्राम प्रधान देवेंद्र गोस्वामी ने बताया कि गर्मी से बिनखोली और कोठों गांव के सभी नौले सूख गए हैं। संवाद
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गरुड़ गंगा और गोमती नदी का जलस्तर इस बीच काफी कम हो गया है। नदियों का जल स्तर कम होने से पचना, बिमोला, देवनाई, बंतोली, रिठाड़, पोखरी, हरबगड़, जिजोली, माल्दे, डाक, पुरुड़ा, मन्यूड़ा, गागरीगोल, नरग्वाड़ी, दिगोली, बिनखोली कज्यूली, अणां, लोहारचौरा, डंगोली, घांघली हरीनगरी आदि गांवों की पेयजल योजनाओं से नियमित पेयजल की आपूर्ति नहीं हो रही है। नदियों का जलस्तर घटने से जल संस्थान ग्रामीणों को एक घंटा पानी की आपूर्ति करने के लिए मजबूर है। पचना के ग्राम प्रधान प्रकाश कोहली ने बताया कि हमारे गांव के सभी प्राकृतिक स्रोत एकदम सूख गए हैं। तैलीहाट के ग्रामीण गरुड़ गंगा का पानी पीने के लिए मजबूर हैं। बिनखोली के ग्राम प्रधान देवेंद्र गोस्वामी ने बताया कि गर्मी से बिनखोली और कोठों गांव के सभी नौले सूख गए हैं। संवाद
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