{"_id":"5f32d9388ebc3e61e46e550a","slug":"nine-houses-destroyed-due-to-heavy-rain-bageshwar-news-hld3929714160","type":"story","status":"publish","title_hn":"अतिवृष्टि से आसमान से बरसी आफत ने नो परिवारों के सिर से छत छीनी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अतिवृष्टि से आसमान से बरसी आफत ने नो परिवारों के सिर से छत छीनी
विज्ञापन
अतिवृष्टि से घरों में घुसा मलबा, कई मकानों के लिए खतरा
बागेश्वर मंदिर परिसर में पानी घुसा, घाट जलमग्न
सोमवार की रात हुई बारिश से सिहर उठे लोग
24 घंटे में बागेश्वर में 100, कपकोट में 95 और गरुड़ में 82.50 एमएम बारिश
संवाद न्यूज एजेंसी
बागेश्वर/कपकोट। जिले में सोमवार की रात से मंगलवार की सुबह तक हुई अतिवृष्टि से तमाम सड़कों में मलबा पट गया। लोगों के घरों में मलबा घुस गया। कई मकानों के लिए खतरा उत्पन्न हो गया है। सरयू तट पर स्थित बागनाथ मंदिर परिसर पानी से लबालब भर गया। सारे घाट जलमग्न हो गए। 24 घंटे में बागेश्वर में 100 एमएम, कपकोट में 95 एमएम और गरुड़ क्षेत्र में 82.50 एमएम बारिश हुई। बारिश से नौ मकान ध्वस्त हो गए, जबकि कई मकानों को आंशिक क्षति पहुंची है।
सोमवार की रात करीब नौ बजे से जिला मुख्यालय के साथ ही जिले के तमाम हिस्सों में मूसलाधार बारिश शुरू हो गई। मंगलवार तड़के 3-4 बजे तक लगातार बारिश होती रही। बारिश के कारण जिला मुख्यालय के नजदीक आरे में भूस्खलन से लोगों के खेतों के साथ ही कपकोट जाने वाली सड़क मलबे से पट गई। कई मकानों के लिए खतरा पैदा हो गया है। ग्वाड़ (देवलचौरा) में सड़क कटिंग से हुए भूस्खलन के कारण पूरन सिंह के आवासीय मकान के लिए खतरा उत्पन्न हो गया है। आरे के मुवानी में नंदन राम पुत्र मोहन राम के आवासीय मकान के पीछे मलबा घुसने से वॉशरूम क्षतिग्रस्त हो गया। सड़क बंद होने से कपकोट सड़क में आवाजाही बाधित हो गई। दोपहर में सड़क से मलबा हटाया जा सका। खुनोली खोलियागांव में मलबा घुसने से कई मकानों के लिए खतरा उत्पन्न हो गया है।
कपकोट के मूनिया में गोविंद सिंह पुत्र मंगल सिंह के आवासीय मकान के आंगन की दीवार गिरने से मकान को खतरा पैदा हो गया है। कपकोट के खटगड़ा गधेरा उफान पर आने से सड़क पर दोपहर तक वाहनों की आवाजाही ठप रही। कपकोट-पोलिंग-गैरखेत-हरसीला मोटर मार्ग में गैरखेत के पास दो तीन जगह भारी मलबा आने से सड़क बंद हो गई। देवलचौरा झटकवाली के पास मलबा आने से यातायात बाधित रहा। लोगों को आवाजाही में दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
विज्ञापन
--
मकान टूट गए, अब कहां जाएं
बागेश्वर। जिला आपदा प्रबंधन विभाग से मिली जानकारी के अनुसार भतौड़ा निवासी लछुली देवी पत्नी धन राम, आरे निवासी नंदन राम पुत्र मोहन राम, मंडलसेरा निवासी जोगा राम पुत्र बती राम, काफलीगैर के असों क्षेत्र में राजन राम पुत्र विशन राम, बौड़ी में अमर राम पुत्र जोगा राम, गरुड़ के घेटी निवासी प्रकाश चंद्र पुत्र हीरा राम, ग्वाड़ बजेता निवासी पुष्कर राम पुत्र देव राम, फुलवारी गूंठ निवासी प्रकाश गिरी पुत्र किशन गिरी, कपकोट के अमर राम पुत्र बची राम का मकान पूर्ण रूप से ध्वस्त हो गया है। अयारतोली निवासी भागीरथी देवी पत्नी देवी दत्त, आरे निवासी बलवंत राम पुत्र नंदन राम और बैड़ीबगड़ में श्याम लाल पुत्र राम लाल का मकान आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गया है। पालिकाध्यक्ष सुरेश खेतवाल ने मंडलसेरा क्षेत्र में हुए नुकसान का जायजा लिया। उन्होंने आपदा प्रभावितों को हरसंभव मदद दिलाने का भरोसा दिलाया।
××
रातिरकेठी, गोगिना में जरूरी सामान की किल्लत
बागेश्वर। जिले के गोगिना-रातिरकेठी सड़क बंद होने के कारण इलाके में आवस्यक सामान की किल्लत होने लगी है। रातिरकेठी के पूर्व प्रधान विजय सिंह, उप प्रधान दलीप सिंह ने बताया कि सड़क बंद होने से कीमू, गोगिना, रातिरकेठी के साथ ही पिथौरागढ़ जिले के नामिक में आवश्यक सामान की कमी हो गई है। सड़क बंद होने से बीमार लोगों को जिला मुख्यालय लाने में परेशानी हो रही है। इलाके की बिजली की लाइन भी बीते 27 जुलाई से बाधित है।
××
कलवर्ट बंद होने से 30 घरों में घुसा मलबा
जिला मुख्यालय के मंडलसेरा में कुंती नाला बंद होने से बरसाती पानी का बहाव आबादी की ओर हो गया था। लोनिवि ने जेसीबी लगाकर पानी की निकासी की। जिला मुख्यालय के सैंज में कलवर्ट बंद होने से बरसात का पानी और मलबा 30 से अधिक घरों में घुस गया। रास्ता जलमग्न हो गया। फायर स्टेशन के पास त्यूनारा नाला उफान पर आने से सुबह कई घटे तक बागेश्वर-ताकुला-अल्मोड़ा मोटर मार्ग मे आवाजाही ठप रही।
-
24 सड़कों में यातायात बाधित
बागेश्वर। शामा-लीती-गोगिना, हरसिला-पुड़कुनी, खरलेख-भनार, रिखाड़ी-वाछम, धरमघर-माजखेत, तोली, कपकोट-पिंडारी, बालीघाट-धरमघर, शामा-लीती, कपकोट-गैरखेत, थुनाई-मिहिनिया, गिरीछीना, तिलसारी, कांडा-रावतसेरा, धैना, धपोली-जेठाई, पंद्रपाली हड़वार, बालीघाट-दोफाड़-धरमघर, डंगोली-सैलानी, कंधार-मजकोट, पातली-लखानी, गरुड़-धैना-लखानी, जखेड़ा-लमचूला सड़क बंद है। सुबह बागेश्वर-कपकोट, कपकोट-शामा-तेजम, पालड़ीछीना-जैनकरास, बैजनाथ-ग्वालदम, बैजनाथ-बागेश्वर, कपकोट-शामा-तेजम, फरसाली सड़क भी मलबा आने से बंद थी। दोपहर बाद इन सड़कों में यातायात प्रारंभ हो गया था।
फोटो 11 बीजीएस 08 से 17 पी
-
लाइन पर पेड़ गिरने से 36 गांवों की बिजली गुल
बागेश्वर। मंगलवार तड़के करीब तीन बजे विजयपुर से खतीगांव जाने वाली 11 केवी की लाइन पर पेड़ गिरने से बिजली की लाइन क्षतिग्रस्त हो गई। लाइन क्षतिग्रस्त होने से कांडा तहसील के रावतसेरा, सानिउडियार, ढांगा, खतीगांव, रावतसेरा, धपोलासेरा, भेटा, माना दीगोली समेत 36 गांवों की बिजली गुल हो गई। यूपीसीएल के अधिशासी अभियंता भाष्कर पांडेय ने बताया कि सुबह से ही लाइन मरम्त का काम शुरु कर दिया है। शाम सवा पांच बजे आपूर्ति सुचारु कर दी गई थी। संवाद
फोटो 11 बीजीएस 18 पी
कालिका
विज्ञापन
बागेश्वर मंदिर परिसर में पानी घुसा, घाट जलमग्न
सोमवार की रात हुई बारिश से सिहर उठे लोग
24 घंटे में बागेश्वर में 100, कपकोट में 95 और गरुड़ में 82.50 एमएम बारिश
संवाद न्यूज एजेंसी
बागेश्वर/कपकोट। जिले में सोमवार की रात से मंगलवार की सुबह तक हुई अतिवृष्टि से तमाम सड़कों में मलबा पट गया। लोगों के घरों में मलबा घुस गया। कई मकानों के लिए खतरा उत्पन्न हो गया है। सरयू तट पर स्थित बागनाथ मंदिर परिसर पानी से लबालब भर गया। सारे घाट जलमग्न हो गए। 24 घंटे में बागेश्वर में 100 एमएम, कपकोट में 95 एमएम और गरुड़ क्षेत्र में 82.50 एमएम बारिश हुई। बारिश से नौ मकान ध्वस्त हो गए, जबकि कई मकानों को आंशिक क्षति पहुंची है।
सोमवार की रात करीब नौ बजे से जिला मुख्यालय के साथ ही जिले के तमाम हिस्सों में मूसलाधार बारिश शुरू हो गई। मंगलवार तड़के 3-4 बजे तक लगातार बारिश होती रही। बारिश के कारण जिला मुख्यालय के नजदीक आरे में भूस्खलन से लोगों के खेतों के साथ ही कपकोट जाने वाली सड़क मलबे से पट गई। कई मकानों के लिए खतरा पैदा हो गया है। ग्वाड़ (देवलचौरा) में सड़क कटिंग से हुए भूस्खलन के कारण पूरन सिंह के आवासीय मकान के लिए खतरा उत्पन्न हो गया है। आरे के मुवानी में नंदन राम पुत्र मोहन राम के आवासीय मकान के पीछे मलबा घुसने से वॉशरूम क्षतिग्रस्त हो गया। सड़क बंद होने से कपकोट सड़क में आवाजाही बाधित हो गई। दोपहर में सड़क से मलबा हटाया जा सका। खुनोली खोलियागांव में मलबा घुसने से कई मकानों के लिए खतरा उत्पन्न हो गया है।
विज्ञापन
कपकोट के मूनिया में गोविंद सिंह पुत्र मंगल सिंह के आवासीय मकान के आंगन की दीवार गिरने से मकान को खतरा पैदा हो गया है। कपकोट के खटगड़ा गधेरा उफान पर आने से सड़क पर दोपहर तक वाहनों की आवाजाही ठप रही। कपकोट-पोलिंग-गैरखेत-हरसीला मोटर मार्ग में गैरखेत के पास दो तीन जगह भारी मलबा आने से सड़क बंद हो गई। देवलचौरा झटकवाली के पास मलबा आने से यातायात बाधित रहा। लोगों को आवाजाही में दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
विज्ञापन
--
मकान टूट गए, अब कहां जाएं
बागेश्वर। जिला आपदा प्रबंधन विभाग से मिली जानकारी के अनुसार भतौड़ा निवासी लछुली देवी पत्नी धन राम, आरे निवासी नंदन राम पुत्र मोहन राम, मंडलसेरा निवासी जोगा राम पुत्र बती राम, काफलीगैर के असों क्षेत्र में राजन राम पुत्र विशन राम, बौड़ी में अमर राम पुत्र जोगा राम, गरुड़ के घेटी निवासी प्रकाश चंद्र पुत्र हीरा राम, ग्वाड़ बजेता निवासी पुष्कर राम पुत्र देव राम, फुलवारी गूंठ निवासी प्रकाश गिरी पुत्र किशन गिरी, कपकोट के अमर राम पुत्र बची राम का मकान पूर्ण रूप से ध्वस्त हो गया है। अयारतोली निवासी भागीरथी देवी पत्नी देवी दत्त, आरे निवासी बलवंत राम पुत्र नंदन राम और बैड़ीबगड़ में श्याम लाल पुत्र राम लाल का मकान आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गया है। पालिकाध्यक्ष सुरेश खेतवाल ने मंडलसेरा क्षेत्र में हुए नुकसान का जायजा लिया। उन्होंने आपदा प्रभावितों को हरसंभव मदद दिलाने का भरोसा दिलाया।
××
रातिरकेठी, गोगिना में जरूरी सामान की किल्लत
बागेश्वर। जिले के गोगिना-रातिरकेठी सड़क बंद होने के कारण इलाके में आवस्यक सामान की किल्लत होने लगी है। रातिरकेठी के पूर्व प्रधान विजय सिंह, उप प्रधान दलीप सिंह ने बताया कि सड़क बंद होने से कीमू, गोगिना, रातिरकेठी के साथ ही पिथौरागढ़ जिले के नामिक में आवश्यक सामान की कमी हो गई है। सड़क बंद होने से बीमार लोगों को जिला मुख्यालय लाने में परेशानी हो रही है। इलाके की बिजली की लाइन भी बीते 27 जुलाई से बाधित है।
××
कलवर्ट बंद होने से 30 घरों में घुसा मलबा
जिला मुख्यालय के मंडलसेरा में कुंती नाला बंद होने से बरसाती पानी का बहाव आबादी की ओर हो गया था। लोनिवि ने जेसीबी लगाकर पानी की निकासी की। जिला मुख्यालय के सैंज में कलवर्ट बंद होने से बरसात का पानी और मलबा 30 से अधिक घरों में घुस गया। रास्ता जलमग्न हो गया। फायर स्टेशन के पास त्यूनारा नाला उफान पर आने से सुबह कई घटे तक बागेश्वर-ताकुला-अल्मोड़ा मोटर मार्ग मे आवाजाही ठप रही।
-
24 सड़कों में यातायात बाधित
बागेश्वर। शामा-लीती-गोगिना, हरसिला-पुड़कुनी, खरलेख-भनार, रिखाड़ी-वाछम, धरमघर-माजखेत, तोली, कपकोट-पिंडारी, बालीघाट-धरमघर, शामा-लीती, कपकोट-गैरखेत, थुनाई-मिहिनिया, गिरीछीना, तिलसारी, कांडा-रावतसेरा, धैना, धपोली-जेठाई, पंद्रपाली हड़वार, बालीघाट-दोफाड़-धरमघर, डंगोली-सैलानी, कंधार-मजकोट, पातली-लखानी, गरुड़-धैना-लखानी, जखेड़ा-लमचूला सड़क बंद है। सुबह बागेश्वर-कपकोट, कपकोट-शामा-तेजम, पालड़ीछीना-जैनकरास, बैजनाथ-ग्वालदम, बैजनाथ-बागेश्वर, कपकोट-शामा-तेजम, फरसाली सड़क भी मलबा आने से बंद थी। दोपहर बाद इन सड़कों में यातायात प्रारंभ हो गया था।
फोटो 11 बीजीएस 08 से 17 पी
-
लाइन पर पेड़ गिरने से 36 गांवों की बिजली गुल
बागेश्वर। मंगलवार तड़के करीब तीन बजे विजयपुर से खतीगांव जाने वाली 11 केवी की लाइन पर पेड़ गिरने से बिजली की लाइन क्षतिग्रस्त हो गई। लाइन क्षतिग्रस्त होने से कांडा तहसील के रावतसेरा, सानिउडियार, ढांगा, खतीगांव, रावतसेरा, धपोलासेरा, भेटा, माना दीगोली समेत 36 गांवों की बिजली गुल हो गई। यूपीसीएल के अधिशासी अभियंता भाष्कर पांडेय ने बताया कि सुबह से ही लाइन मरम्त का काम शुरु कर दिया है। शाम सवा पांच बजे आपूर्ति सुचारु कर दी गई थी। संवाद
फोटो 11 बीजीएस 18 पी
कालिका